अमेरिका की सेंट्रल कमांड ने Strait of Hormuz में कमर्शियल जहाजों की आवाजाही फिर से शुरू करने के लिए ‘Project Freedom’ शुरू कर दिया है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इसे एक मानवीय कदम बताया है ताकि वहां हफ़्तों से फंसे हुए जहाजों, उनके क्रू और ज़रूरी सामान की सप्लाई को फिर से चालू किया जा सके। यह बड़ा ऑपरेशन 4 मई 2026 से लागू हो गया है।

Project Freedom के लिए अमेरिका ने क्या तैयारी की है?

इस मिशन को सफल बनाने के लिए US Central Command (CENTCOM) ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। इस ऑपरेशन में निम्नलिखित सैन्य संसाधन शामिल किए गए हैं:

  • सैनिक: करीब 15,000 सर्विस मेंबर्स को तैनात किया गया है।
  • हवाई ताकत: 100 से ज़्यादा ज़मीन और समुद्र आधारित विमानों का इस्तेमाल हो रहा है।
  • जहाज़: गाइडेड-मिसाइल डिस्ट्रॉयर्स और मल्टी-डोमेन अनमैन्ड प्लेटफॉर्म तैनात किए गए हैं।

CENTCOM के कमांडर Adm. Brad Cooper ने कहा कि यह एक रक्षात्मक मिशन है जो क्षेत्रीय सुरक्षा और ग्लोबल इकोनॉमी के लिए बहुत ज़रूरी है। अमेरिका इस मिशन के दौरान ईरान के बंदरगाहों की नाकाबंदी भी जारी रखेगा।

Strait of Hormuz में तनाव की वजह और असर क्या है?

इस इलाके में तनाव तब बढ़ा जब 28 फरवरी 2026 को ईरान ने Strait of Hormuz को बंद कर दिया। यह फैसला अमेरिका और इसराइल द्वारा ईरान पर किए गए हवाई हमलों के बाद लिया गया था। इसके चलते मार्च तक टैंकर ट्रैफिक में 70% की गिरावट आई।

इस तनाव का असर आम लोगों और व्यापार पर इस तरह पड़ा:

  • फंसे हुए लोग: करीब 20,000 से ज़्यादा नाविक और सैकड़ों कमर्शियल जहाज़ वहां फंसे हुए हैं।
  • अमेरिकी नाकाबंदी: 13 अप्रैल 2026 से अमेरिका ने ईरानी बंदरगाहों की नाकाबंदी कर दी है। पिछले 20 दिनों में 48 ईरानी जहाजों को वापस मोड़ा गया।
  • UN की अपील: संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने 27 अप्रैल को सुरक्षा परिषद से इस रास्ते को खोलने की अपील की थी ताकि ग्लोबल एनर्जी और फूड सप्लाई पर असर न पड़े।

ताज़ा हमले और अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया

ऑपरेशन शुरू होने से ठीक पहले 3 मई 2026 को फुजैराह के उत्तर में एक टैंकर और ईरान के सिरिक के पश्चिम में एक बल्कर जहाज़ पर हमले हुए। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि इस मानवीय प्रक्रिया में किसी भी तरह की दखलअंदाज़ी को सख्ती से रोका जाएगा।

दूसरी ओर, ईरान के संसदीय नेशनल सिक्योरिटी कमीशन के चेयरमैन इब्राहिम अज़ीज़ी ने चेतावनी दी है कि Strait of Hormuz में अमेरिका का हस्तक्षेप युद्धविराम का उल्लंघन माना जाएगा। इस पूरे मामले को संभालने के लिए अमेरिकी विदेश विभाग और युद्ध विभाग ने ‘मैरीटाइम फ्रीडम कंस्ट्रक्ट’ बनाया है ताकि अंतरराष्ट्रीय तालमेल बेहतर हो सके।

Frequently Asked Questions (FAQs)

Project Freedom क्या है और इसे क्यों शुरू किया गया?

Project Freedom US Central Command द्वारा शुरू किया गया एक मिशन है। इसका मकसद Strait of Hormuz में फंसे हुए कमर्शियल जहाजों और 20,000 से ज़्यादा नाविकों को सुरक्षित निकालना और व्यापारिक रास्ता फिर से खोलना है।

ईरान ने Strait of Hormuz को क्यों बंद किया था?

ईरान ने 28 फरवरी 2026 को अमेरिका और इसराइल के हवाई हमलों के जवाब में इस अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग को बंद कर दिया था, जिससे वैश्विक तेल और माल परिवहन पर बुरा असर पड़ा।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.