अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने एक बहुत बड़ा फैसला लिया है. उन्होंने साफ कह दिया है कि अब इसराइल लेबनान में सैन्य हमले नहीं कर सकता. ट्रंप ने इसे “Enough is Enough” कहते हुए वॉशिंगटन की नीति में बड़ा बदलाव किया है. इस फैसले के बाद दोनों देशों के बीच 10 दिन का युद्धविराम शुरू हो गया है.

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इस समझौते की मुख्य बातें क्या हैं?

यह समझौता 17 अप्रैल 2026 की आधी रात से लागू हुआ है. अमेरिका के विदेश मंत्री Marco Rubio और राष्ट्रपति ट्रंप ने इस ceasefire को मुमकिन बनाया. इस नियम के मुताबिक इसराइल लेबनान में कोई भी हमला नहीं करेगा. हालांकि, अमेरिका ने यह भी कहा कि अगर इसराइल पर कोई हमला होता है, तो वह अपना बचाव कर सकता है. लेबनान सरकार को भी यह पक्का करना होगा कि Hezbollah जैसे ग्रुप हमले न करें.

युद्धविराम के बाद अब तक क्या हुआ?

समझौते के बावजूद मैदान में हालात अब भी तनावपूर्ण हैं. कई जगह नियमों के उल्लंघन की खबरें आई हैं. नीचे दी गई टेबल में हाल की घटनाओं की जानकारी है:

घटना विवरण
ड्रोन हमला ट्रंप के ऐलान के एक घंटे बाद लेबनान में एक व्यक्ति की मौत हुई
एंबुलेंस पर हमला Khounine इलाके में इसराइल ने एंबुलेंस पर हमला किया, कई मेडिकल कर्मी घायल हुए
लोगों की वापसी हजारों परिवार अपने घरों को लौटने लगे हैं
Hezbollah का रुख समूह ने युद्धविराम माना लेकिन अपनी सेना को अलर्ट पर रखा है
UN की रिपोर्ट शांति सैनिकों ने गोलाबारी और हवाई सीमा के उल्लंघन की बात कही है

किन नेताओं ने क्या कहा?

इसराइल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu ने युद्धविराम को माना है, लेकिन उनका कहना है कि Hezbollah के खिलाफ अभियान अभी खत्म नहीं हुआ है. दूसरी तरफ लेबनान के राष्ट्रपति Joseph Aoun ने इस फैसले का स्वागत किया है. उन्होंने कहा कि वह इसराइल के साथ बातचीत के पक्ष में हैं ताकि आम लोगों की जान बचाई जा सके. लेबनान की सेना अब बॉर्डर पर तैनात होगी ताकि सुरक्षा बनी रहे.

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.