अमेरिका का बड़ा बयान, ईरान को किसी भी हाल में परमाणु हथियार हासिल करने से रोकना सबसे बड़ी प्राथमिकता

अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने हाल ही में सोशल मीडिया पर एक बड़ा बयान जारी किया है। उन्होंने साफ तौर पर कहा है कि ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकना वाशिंगटन प्रशासन का सबसे मुख्य उद्देश्य है। इस बयान से यह स्पष्ट हो गया है कि घरेलू स्तर पर ऊर्जा और ईंधन की कीमतों को लेकर चल रही चिंताओं के बावजूद ईरान का परमाणु कार्यक्रम अमेरिका के लिए सबसे बड़ी चुनौती बना हुआ है। राष्ट्रपति ने जोर देकर कहा कि ईरान किसी भी रूप या तरीके से परमाणु हथियार नहीं रख सकता है।
कूटनीतिक समझौते की समयसीमा समाप्त
यह महत्वपूर्ण घोषणा ऐसे समय में सामने आई है जब वाशिंगटन और तेहरान के बीच हुआ 60-day का समझौता यानी Memorandum of Understanding समाप्त हो चुका है। ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmail Baghaei ने अमेरिका पर व्यापक उल्लंघनों का आरोप लगाते हुए इस समझौते को अब प्रासंगिक नहीं बताया है। कूटनीतिक स्तर पर दोनों देशों के बीच गतिरोध लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे मध्य पूर्व क्षेत्र में तनाव की स्थिति और अधिक गहरी हो गई है। इस पूरी स्थिति के बारे में विस्तार से पढ़ने के लिए आप ANI News की रिपोर्ट देख सकते हैं।
अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी की रिपोर्ट और अन्य दावे
दोनों देशों के बीच चल रहे इस तनाव के बीच कई तरह की बातें सामने आ रही हैं। पूर्व सांसद Marjorie Taylor Greene की तरफ से व्हाइट हाउस के भीतर परमाणु हथियारों की तैनाती को लेकर कुछ आंतरिक चर्चाओं के अनपुष्ट दावे किए गए थे। हालांकि, इन दावों के विपरीत हाल ही में IAEA यानी अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी की रिपोर्ट्स से यह बात सामने आई है कि ईरान फिलहाल परमाणु हथियार बनाने के बहुत करीब नहीं है। इन तमाम वार्ताओं और दावों के बावजूद दोनों देशों के बीच किसी भी प्रकार की नई बातचीत में कोई ठोस सफलता हासिल नहीं हुई है, जिससे आने वाले दिनों में हालात और संवेदनशील बन सकते हैं। इस घटनाक्रम से जुड़ी अन्य जानकारियों के लिए ANI News Middle East पर जा सकते हैं।