अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। अमेरिकी विदेश मंत्री ने यह साफ कर दिया है कि ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई का विकल्प अभी भी मौजूद है। दुनिया की नजरें अब इस बात पर हैं कि क्या यह मामला फिर से युद्ध की तरफ जाएगा या शांति प्रस्ताव से बात बनेगी।

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अमेरिका और ईरान के बीच तनाव की मुख्य वजह क्या है?

ईरान और अमेरिका के बीच 28 फरवरी 2026 को युद्ध शुरू हुआ था, जिसके बाद 8 अप्रैल 2026 को एक अस्थायी युद्ध विराम लागू किया गया। अमेरिकी विदेश मंत्री Marco Rubio ने 5 मई 2026 को बताया था कि मुख्य सैन्य अभियान Operation Epic Fury खत्म हो गया है और अब Project Freedom के जरिए होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों की सुरक्षा की जा रही है।

अमेरिकी सरकार और अधिकारियों का क्या कहना है?

  • डोनाल्ड ट्रंप: राष्ट्रपति ट्रंप ने 20 मई को कहा कि वे ईरान को परमाणु हथियार नहीं बनाने देंगे और जरूरत पड़ने पर दोबारा कड़ा हमला कर सकते हैं।
  • JD Vance: उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने 19 मई को कहा कि अमेरिका कूटनीति चाहता है, लेकिन उसकी सेना पूरी तरह तैयार है।
  • Marco Rubio: विदेश मंत्री ने जोर दिया है कि शांति समझौते के लिए ईरान को यह साफ करना होगा कि वह परमाणु हथियार नहीं चाहता।

पिछले 24 घंटों में क्या बड़ी घटनाएँ हुई हैं?

21 मई 2026 को अमेरिकी सेना ने ओमान की खाड़ी में एक ईरानी तेल टैंकर को रोका, क्योंकि उस पर प्रतिबंधों को तोड़ने का शक था। वहीं, पाकिस्तान के सेना प्रमुख शांति समझौता कराने के लिए तेहरान जा रहे हैं। दूसरी तरफ, ईरान के संसद स्पीकर Mohammad Bagher Qalibaf ने अमेरिका पर नया युद्ध शुरू करने का आरोप लगाया है। सऊदी विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान ने कूटनीतिक समाधान और तनाव कम करने का समर्थन किया है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

क्या ईरान के खिलाफ युद्ध फिर शुरू होगा?

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि वे शांति प्रस्ताव का इंतज़ार कर रहे हैं, लेकिन अगर सही जवाब नहीं मिला तो सैन्य कार्रवाई की जा सकती है।

सऊदी अरब इस स्थिति पर क्या कह रहा है?

सऊदी विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान ने कूटनीतिक समाधान और तनाव कम करने का समर्थन किया है ताकि क्षेत्र में शांति बनी रहे।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.