अमेरिका में ईरान के खिलाफ छेड़े गए युद्ध को लेकर अब अंदरूनी विवाद गहरा गया है। अमेरिकी सीनेटर Tim Kaine ने इस युद्ध को पूरी तरह से गैरकानूनी बताया और हाल ही में हुए समझौते (MOU) को एक बहुत बड़ी गलती करार दिया है। इस बयान के बाद अमेरिका में सैन्य हस्तक्षेप और क्षेत्रीय स्थिरता को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
सीनेटर Tim Kaine ने युद्ध को बताया गलत
20 जून 2026 को Senator Tim Kaine ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा ईरान के साथ किए गए नए समझौते की कड़ी आलोचना की। उन्होंने इस MOU को एक बहुत बड़ी भूल बताया। केन का कहना था कि यह युद्ध गैरकानूनी था क्योंकि राष्ट्रपति ने इसे शुरू करने से पहले कांग्रेस से कोई सलाह नहीं ली थी। उन्होंने इस पूरे सैन्य कदम को बेवकूफी भरा और विनाशकारी बताया और मांग की कि इस समझौते की जांच कांग्रेस द्वारा की जानी चाहिए।
अन्य नेताओं ने भी जताई नाराजगी
ईरान मामले पर सिर्फ एक सीनेटर ही नहीं बल्कि कई अन्य नेताओं ने भी अपनी राय रखी है। 18 जून 2026 को Senator Andy Kim ने इस डील को शुरू से ही एक रणनीतिक विफलता बताया और सवाल उठाया कि भारी आर्थिक लागत और जान-माल के नुकसान के बाद अमेरिका को इससे क्या मिला। वहीं 17 जून को Senator Mark Warner ने कहा कि इस युद्ध के बाद अमेरिका की स्थिति पहले से ज्यादा खराब हो गई है।
सीनेट में प्रस्ताव हुआ फेल
अमेरिकी सीनेट में राष्ट्रपति की शक्तियों पर लगाम लगाने और ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई रोकने के लिए एक प्रस्ताव लाया गया था। 16 जून 2026 को इस वार पावर्स रेजोल्यूशन पर वोटिंग हुई, लेकिन यह पास नहीं हो सका। इसमें 47 सदस्यों ने समर्थन किया जबकि 48 सदस्य इसके खिलाफ रहे, जिससे यह प्रस्ताव बहुमत से चूक गया।
युद्ध खत्म करने के लिए हुआ समझौता
हाल ही में अमेरिका और ईरान ने महीनों से चल रहे युद्ध को खत्म करने के लिए एक Memorandum of Understanding (MOU) पर हस्ताक्षर किए हैं। इस समझौते की शर्तों को औपचारिक रूप देने के लिए अगले 60 दिनों तक बातचीत जारी रहेगी। इसी कड़ी में 18 जून 2026 को उपराष्ट्रपति JD Vance ने ईरान के बंदरगाहों पर लगी अमेरिकी नौसेना की नाकाबंदी हटाने की घोषणा की थी।