अल जजीरा की हालिया रिपोर्ट के अनुसार अमेरिका ने रक्षा के क्षेत्र में एक बड़ा कदम उठाया है। ईरानी ड्रोन्स का सामना करने के लिए अमेरिका की ओर से 10,000 इंटरसेप्टर ड्रोन भेजे गए हैं। यह खबर 13 मार्च 2026 को सामने आई है। इस कदम को हवाई सुरक्षा के लिहाज से काफी अहम माना जा रहा है।

इंटरसेप्टर ड्रोन तकनीक और इनका खर्च क्या है

रक्षा मामलों से जुड़ी रिसर्च के मुताबिक अमेरिका लगातार ऐसे सिस्टम तैयार कर रहा है जो ईरानी शाहेद (Shahed) ड्रोन को हवा में ही नष्ट कर सकें। एक ईरानी शाहेद ड्रोन की कीमत लगभग 20,000 से 50,000 डॉलर के बीच होती है। इनका मुकाबला करने के लिए अमेरिका अलग-अलग तरह के इंटरसेप्टर का इस्तेमाल करता है।

  • Merops सिस्टम: यह दोबारा इस्तेमाल होने वाला इंटरसेप्टर है जिसकी कीमत करीब 15,000 डॉलर होती है।
  • सस्ते इंटरसेप्टर: कई जगहों पर 1,000 से 3,000 डॉलर के कम कीमत वाले ड्रोन भी मदद के तौर पर दिए गए हैं।

10,000 ड्रोन भेजे जाने की रिपोर्ट पर अपडेट

अल जजीरा के ब्रेकिंग न्यूज़ ट्वीट में 10,000 इंटरसेप्टर ड्रोन भेजने की बात साफ तौर पर कही गई है। हालांकि अमेरिका की तरफ से किसी आधिकारिक बयान में अभी तक 10,000 की इस सटीक संख्या की पुष्टि नहीं की गई है।

अमेरिकी रक्षा विभाग (Pentagon) लगातार ईरानी ड्रोन्स के खतरे से निपटने के लिए काम कर रहा है। यूक्रेन में 1,000 से ज्यादा शाहेद ड्रोन्स को इन इंटरसेप्टर सिस्टम की मदद से मार गिराया गया है। अमेरिका का मुख्य फोकस कम खर्च वाले और प्रभावी ड्रोन डिफेंस सिस्टम बनाने पर है ताकि आने वाले समय में ऐसे किसी भी हवाई हमले को रोका जा सके।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.