खाड़ी क्षेत्र में तनाव लगातार बढ़ रहा है और 15 जुलाई 2026 को अमेरिकी सेना ने ग्रेटर टुनब द्वीप पर बड़ी सैन्य कार्रवाई की। अमेरिकी सेंट्रल कमांड CENTCOM ने इस हमले की पुष्टि करते हुए बताया कि इसका मुख्य उद्देश्य ईरान की उन तटीय रक्षा प्रणालियों और मिसाइल लॉन्च साइट्स को नष्ट करना था जो कमर्शियल शिपिंग के लिए खतरा बनी हुई थीं। यह हमला करीब 90 मिनट तक चला।

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लगातार पांचवें दिन जारी है सैन्य कार्रवाई

यह घटना पिछले पांच दिनों से चल रही सैन्य कार्रवाई का हिस्सा है। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने चेतावनी दी है कि यदि ईरान बातचीत के लिए तैयार नहीं हुआ, तो अगले हफ्ते से ईरान के पावर प्लांट और पुलों को भी निशाना बनाया जा सकता है। इस स्थिति के चलते अमेरिका ने ईरान के बंदरगाहों पर एक बार फिर नौसैनिक नाकेबंदी लागू कर दी है।

कुवैत, बहरीन और जॉर्डन पर भी हमले की खबर

ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने धमकी दी है कि जब तक अमेरिकी दखल बंद नहीं होगा, तब तक स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद रहेगा। इस दौरान कुवैत, बहरीन और जॉर्डन ने अपने क्षेत्र या वहां स्थित अमेरिकी ठिकानों पर ईरानी हमलों को रोकने की जानकारी दी है। CENTCOM कमांडर Admiral Brad Cooper ने ईरान पर सात कमर्शियल जहाजों पर हमला करने का आरोप लगाया है। इस बढ़ते संघर्ष के बीच एक भारतीय नाविक के भी लापता होने की सूचना है, जो किसी कमर्शियल जहाज पर हमले के दौरान गायब हुआ।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.