ईरान के दक्षिणी इलाके होरमोज़गन में मंगलवार शाम को अमेरिकी सेना ने कई जगह हमले किए. इन धमाकों की आवाज़ पूरे क्षेत्र में सुनाई दी और क़ेशम आइलैंड पर छह अलग-अलग धमाके हुए. हालांकि, होरमोज़गन के गवर्नर के ऑफिस ने जानकारी दी है कि इन हमलों में किसी भी आम नागरिक की जान नहीं गई है.
पानी की सप्लाई हुई प्रभावित
हमलों के दौरान बोमानी जिले में कम से कम दो पानी के टैंकों को निशाना बनाया गया. इसकी वजह से इलाके में पीने के पानी की सप्लाई कुछ समय के लिए बंद हो गई थी. स्थानीय लोग इस घटना से काफी परेशान रहे.
अमेरिका ने क्यों किया हमला
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने बताया कि उन्होंने ईरान के मिलिट्री सर्विलांस सिस्टम, बातचीत के साधनों, एयर डिफेंस साइट्स और ड्रोन रखने वाली जगहों को निशाना बनाया. अमेरिका के मुताबिक यह हमला एक कमर्शियल ऑयल टैंकर पर हुए हमले और ओमान के तट के पास अमेरिकी सेना के अपाचे हेलीकॉप्टर के गिरने का जवाब था.
समुद्री इलाके में बढ़ता तनाव
हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में तनाव लगातार बढ़ रहा है. इसी दिन ईरान ने कमर्शियल जहाजों पर भी दो मिसाइल दागीं, जिसमें Al Rekayyat नाम का एलएनजी टैंकर शामिल था और उसे काफी नुकसान पहुँचा. दूसरी तरफ, ईरानी सूत्रों का दावा है कि उन्होंने पहले ही अमेरिकी मिलिट्री ठिकानों पर 100 से ज़्यादा जवाबी हमले किए हैं.
