अमेरिका के ट्रेजरी विभाग ने ईरान को अपने कच्चे तेल और पेट्रोकेमिकल उत्पाद बेचने की अनुमति दे दी है। यह फैसला वॉशिंगटन और तेहरान के बीच हुए एक समझौते के बाद लिया गया है। अब ईरान आधिकारिक तौर पर अपने तेल का निर्यात कर सकेगा और इसके पैसे भी बैंक के जरिए मिल सकेंगे।

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लाइसेंस और नियम

US Treasury विभाग ने 22 जून 2026 को एक जनरल लाइसेंस जारी किया है। इसके तहत ईरान के कच्चे तेल, पेट्रोकेमिकल और पेट्रोलियम उत्पादों की बिक्री और डिलीवरी की अनुमति दी गई है। यह लाइसेंस 21 अगस्त 2026 तक मान्य रहेगा।

  • समय सीमा: OFAC ने ईरान के तेल और पेट्रोकेमिकल सेक्टर पर लगे प्रतिबंधों को 60 दिनों के लिए हटाया है।
  • पेमेंट: अब ईरान अपने उत्पादों का पैसा सेंट्रल बैंक ऑफ ईरान के जरिए औपचारिक बैंकिंग चैनलों से ले सकेगा।
  • पाबंदी: इस लाइसेंस के तहत उत्तर कोरिया या क्यूबा के साथ किसी भी तरह का लेन-देन करने की अनुमति नहीं है।

समझौते की जानकारी

यह फैसला अमेरिका और ईरान के बीच 14 और 15 जून 2026 को हुए एक समझौते (MOU) का नतीजा है। इस समझौते का मकसद दोनों देशों के बीच दुश्मनी को खत्म करना और भविष्य की बातचीत के लिए रास्ता बनाना है। इस पूरी बातचीत में कतर और पाकिस्तान ने मध्यस्थ की भूमिका निभाई। दोनों देशों ने 60 दिनों के भीतर एक अंतिम समझौते की ओर बढ़ने का रोडमैप तैयार किया है।

अधिकारियों का बयान

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने बताया कि तेल निर्यात के लिए छूट मिल गई है और तेल पर लगी रोक हट गई है। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान की जमी हुई संपत्ति का कुछ हिस्सा भी वापस मिल गया है। इससे पहले मार्च और अप्रैल 2026 में अमेरिका ने केवल 30 दिनों की अस्थायी छूट दी थी, लेकिन अब यह एक बड़े समझौते का हिस्सा है।