अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है. अमेरिकी उपराष्ट्रपति JD Vance ने कहा है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान के खिलाफ दोबारा सैन्य कार्रवाई करने के लिए तैयार हैं. यह बयान ऐसे समय में आया है जब दोनों देशों के बीच युद्ध रोकने की कोशिशें चल रही थीं.

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ईरान पर हमले की चेतावनी

उपराष्ट्रपति JD Vance ने बताया कि अगर ईरान अपने परमाणु कार्यक्रम को पूरी तरह बंद नहीं करता है और इस पर कोई लंबी अवधि का समझौता नहीं होता है, तो राष्ट्रपति ट्रंप फिर से हमले कर सकते हैं. उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि अमेरिका दोबारा बम गिराने के लिए तैयार है. हालांकि, कुछ रिपोर्ट्स में इस बात को केवल एक चेतावनी बताया गया है और इसे अभी पूरी तरह से आधिकारिक पॉलिसी नहीं माना गया है.

पिछले कुछ दिनों के कड़े बयान

पिछले कुछ दिनों में अमेरिका की ओर से कई सख्त बातें कही गई हैं:

  • 26 जून 2026: उपराष्ट्रपति Vance ने चेतावनी दी थी कि अगर ईरान ने फिर से हमले किए तो उसे हिंसा का सामना करना पड़ेगा.
  • 27 जून 2026: उन्होंने कहा कि इस लड़ाई में अमेरिका के पास सभी पत्ते हैं और ईरान का परमाणु कार्यक्रम पहले ही तबाह हो चुका है.
  • 28 जून 2026: राष्ट्रपति डोनाल्ड Trump ने Truth Social पर लिखा कि अगर अमेरिका को सैन्य कार्रवाई पूरी करनी पड़ी, तो ईरान की इस्लामिक रिपब्लिक का अस्तित्व खत्म हो जाएगा.

बातचीत और युद्ध का खतरा

जून 2026 के दौरान अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध खत्म करने और Strait of Hormuz को फिर से खोलने के लिए एक समझौता (MOU) करने की कोशिशें चल रही थीं. लेकिन अब उपराष्ट्रपति के इस बयान से माहौल फिर तनावपूर्ण हो गया है. राष्ट्रपति ट्रंप ने 25 जून को भी संकेत दिया था कि अगर बातचीत नाकाम रही तो अमेरिका को कदम उठाना पड़ेगा.