अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने Strait of Hormuz में फंसे जहाजों की मदद के लिए Project Freedom की शुरुआत की है. US Navy अब कमर्शियल जहाजों को रास्ता दिखाएगी ताकि वे सुरक्षित निकल सकें, लेकिन ईरान इस पूरी बात को गलत बता रहा है. दोनों देशों के बीच तनाव इतना बढ़ गया है कि अब मिसाइल हमलों और नौसैनिक नाकाबंदी की खबरें आ रही हैं.

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Project Freedom क्या है और क्यों मचा है बवाल

राष्ट्रपति Donald Trump ने 4 मई 2026 को Project Freedom का ऐलान किया. इस मिशन का मकसद उन कमर्शियल जहाजों को रास्ता दिखाना है जो Strait of Hormuz में फंसे हुए थे. US Central Command (CENTCOM) ने बताया कि दो अमेरिकी जहाजों ने US Navy की मदद से इस रास्ते को पार किया. हालांकि, ईरान की Revolutionary Guard Corps (IRGC) ने इन दावों को सिरे से खारिज कर दिया और कहा कि कोई भी जहाज वहां से नहीं गुजरा है.

मिसाइल हमले और अंतरराष्ट्रीय कानून की लड़ाई

ईरानी मीडिया का दावा है कि Jask Island के पास एक अमेरिकी युद्धपोत पर दो मिसाइलें गिरीं क्योंकि उसने ईरान की चेतावनी नहीं मानी थी, लेकिन अमेरिका ने इस हमले से इनकार किया है. अंतरराष्ट्रीय कानून UNCLOS के मुताबिक, यह रास्ता सबके लिए खुला रहना चाहिए. लेकिन ईरान ने 28 फरवरी 2026 से इस रास्ते को बंद कर रखा है और वहां माइन बिछा दिए हैं. ईरान के सैन्य प्रमुख Ali Abdollahi Aliabadi ने चेतावनी दी है कि जो भी विदेशी सेना यहां आएगी, उस पर हमला होगा.

आर्थिक दबाव और शांति की कोशिशें

अमेरिकी ट्रेजरी सचिव Scott Bessent ने कहा कि अमेरिकी नौसेना की नाकाबंदी की वजह से ईरान की अर्थव्यवस्था पूरी तरह गिर रही है. वहीं दूसरी तरफ, शांति के लिए बातचीत भी चल रही है. पाकिस्तान इस मामले में मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है. राष्ट्रपति ट्रंप ईरान के एक प्रस्ताव पर विचार कर रहे हैं, लेकिन उन्होंने इसमें अपनी शंका जताई है. ईरान का विदेश मंत्रालय भी अमेरिका के जवाब का इंतजार कर रहा है.

Frequently Asked Questions (FAQs)

Project Freedom क्या है?

यह अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump द्वारा शुरू किया गया एक मिशन है, जिसके तहत US Navy कमर्शियल जहाजों को Strait of Hormuz से सुरक्षित निकालने में मदद करेगी.

Strait of Hormuz को लेकर ईरान का क्या कहना है?

ईरान का दावा है कि इस जलमार्ग का नियंत्रण उनके पास है और वे किसी भी विदेशी सेना या बिना अनुमति के आने वाले जहाजों पर हमला कर सकते हैं.