अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump और ईरान के बीच चल रही तनातनी अब खत्म हो सकती है। दोनों देश युद्ध रोकने के लिए एक समझौते के बहुत करीब पहुँच गए हैं। व्हाइट हाउस को अगले 48 घंटों में ईरान से जवाब मिलने की उम्मीद है, जिससे मध्य पूर्व में शांति की उम्मीद जगी है।
शांति समझौते में क्या शर्तें हैं और क्या होगा फायदा?
Axios की रिपोर्ट के अनुसार, दोनों देश एक पेज के समझौता ज्ञापन (MOU) पर सहमति बनाने की कोशिश कर रहे हैं। इस प्रस्तावित समझौते के मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं:
- परमाणु रोक: ईरान परमाणु संवर्धन की प्रक्रिया पर अस्थायी रूप से रोक लगाएगा।
- प्रतिबंधों में ढील: अमेरिका ईरान पर लगे आर्थिक प्रतिबंध हटाएगा।
- फंड की वापसी: अमेरिका ईरान के जमे हुए अरबों डॉलर के फंड को वापस जारी करेगा।
- समुद्री रास्ता: दोनों देश होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से जहाजों के आने-जाने पर लगी रोक हटा लेंगे।
Donald Trump ने क्या कदम उठाए और बातचीत की क्या स्थिति है?
राष्ट्रपति Donald Trump ने न्यूयॉर्क पोस्ट को दिए इंटरव्यू में कहा कि अभी आमने-सामने बैठकर बात करना जल्दबाजी होगी। फिलहाल अमेरिका तेहरान से अपने शांति प्रस्ताव पर जवाब का इंतजार कर रहा है। बातचीत को आगे बढ़ाने के लिए कुछ बड़े फैसले लिए गए हैं:
- ऑपरेशन पर रोक: राष्ट्रपति ट्रंप ने होर्मुज की खाड़ी में जहाजों को निकालने के लिए चलाए जा रहे ‘प्रोजेक्ट फ्रीडम’ को अस्थायी रूप से रोक दिया है।
- मिशन खत्म: अमेरिकी विदेश मंत्री Mark Rubio ने ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ के समाप्त होने की घोषणा की है।
- मध्यस्थ की भूमिका: इस पूरी प्रक्रिया में पाकिस्तान मध्यस्थ के रूप में काम कर रहा है। ट्रंप के दूत Steve Witkoff और Jared Kushner भी ईरानी अधिकारियों के साथ संपर्क में हैं।
ईरान ने स्पष्ट किया है कि वह केवल ऐसे समझौते को स्वीकार करेगा जो उसके लिए न्यायसंगत हो।
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या अमेरिका और ईरान के बीच सीधी बातचीत शुरू हो गई है?
नहीं, डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अभी सीधी बातचीत का समय नहीं आया है। फिलहाल दोनों देश बैकचैनल और लिखित प्रस्तावों के जरिए बातचीत कर रहे हैं।
शांति समझौते के तहत ईरान को क्या लाभ मिलेगा?
समझौता होने पर अमेरिका ईरान पर लगे प्रतिबंध हटाएगा और ईरान के जमे हुए अरबों डॉलर के फंड को वापस जारी कर देगा।