यात्राओं और सार्वजनिक जीवन में प्रतिबंधों में ढील देने के लिए ‘वैक्सीन पासपोर्ट’ (Vaccine Passport) लॉन्च करने की तैयारी में है. दरअसल देश की सरकार का कहना है कि वो ऐसा डिजिटल पासपोर्ट (Digital Passport) तैयार करने जा रही है जिससे पता लग जाएगा कि पासपोर्टधारक ने कोरोना वैक्सीन (Covid Vaccine) ली है या नहीं.

क्या बोले डेनमार्क के वित्त मंत्री
देश के वित्त मंत्री मॉर्टेन बोएड्स्कोव ने एक कार्यक्रम में कहा-ये हमारे बारे में है. एक देश के तौर पर तकनीक का इस्तेमाल कर हम दुनिया को बता सकते हैं. ऐसा करने वाले हम पहले देश होंगे. ‘कैसे काम करेगा वैक्सीन पासपोर्ट’इस दिशा में पहला स्टेप फरवरी महीने के आखिरी में पूरा कर लिया जाएगा. दरअसल तब तक वैक्सीन प्राप्त कर चुके डैनिश लोगों की संख्या ठीक-ठाक हो चुकी होगी और वो सरकार को डेटा मुहैया कर पाएंगे. अगले तीन से चार महीने में डिजिटल पासपोर्ट और एक ऐप लॉन्च कर दिया जाएगा. वित्त मंत्री ने बताया कि इसे ‘अतिरिक्त पासपोर्ट’ के तौर पर देखा जाएगा. लोग इसे अपनी मोबाइल डिवाइस में रख सकेंगे.

 

 

 

इस वक्त डेनमार्क में लगा हुआ है लॉकडाउन, सिर्फ अतिआवश्यक चीजों के स्टोर ही खुले
गौरतलब है कि इस वक्त डेनमार्क में लॉकडाउन है. देश में अतिआवश्यक चीजों के स्टोर ही खुले हुए हैं. बार और रेस्टोरेंट का इस्तेमाल सिर्फ सामान घर ले जाने के लिए ही किया जा सकता है. वित्त मंत्री ने कहा है कि हमें इस तरह के डिजिटल पासपोर्ट पर काम करना बेहद जरूरी है जिससे कंपनियां अपना सामान्य कामकाज शुरू कर सकें.

बता दें कि विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भी कहा था कि वो ई-वैक्सिनेशन सर्टिफिकेट पर काम कर रहा है. ये स्मार्ट यलो कार्ड के स्वरूप में होगा. ऑस्ट्रेलियाई एयरलाइंस Qantas भी कह चुकी है कि वो यात्रियों पर यात्रा से पहले कोविड वैक्सिनेशन के लिए दबाव बनाएगी.

Lov Singh

बिहार से हूँ। बिहार होने पर गर्व हैं। फर्जी ख़बरों की क्लास लगाता हूँ। प्रवासियों को दोस्त हूँ। भारत मेरा सबकुछ हैं। Instagram पर @nyabihar तथा lov@gulfhindi.com पर संपर्क कर सकते हैं।