US-Israel और Iran युद्ध के कारण ग्लोबल मार्केट में कच्चे तेल के दाम काफी बढ़ गए हैं। इसका सीधा असर वियतनाम पर पड़ा है, जहां पेट्रोल और डीजल की भारी किल्लत हो गई है। स्थिति को देखते हुए वियतनाम सरकार के उद्योग और व्यापार मंत्रालय (MoIT) ने सभी कंपनियों से अपने कर्मचारियों को वर्क फ्रॉम होम (Work from Home) कराने का आग्रह किया है ताकि सड़क पर गाड़ियों की आवाजाही और ईंधन की खपत को कम किया जा सके।

ईंधन की कीमतों में भारी उछाल और नई दरें

फरवरी 2026 के अंत से पेट्रोल और डीजल के दामों में काफी तेजी आई है। ग्लोबल मार्केट में कच्चे तेल की कीमत 100 से 120 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई है। इसके कारण वियतनाम में पेट्रोल की कीमत में 32 प्रतिशत, डीजल में 56 प्रतिशत और केरोसिन में 80 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। नीचे वर्तमान खुदरा कीमतों की जानकारी दी गई है:

ईंधन का प्रकार ताजा भाव (VND प्रति लीटर)
RON95-III पेट्रोल 27,047
E5RON92 पेट्रोल 25,226
डीजल 30,239

सप्लाई सुधारने के लिए सरकार के नए नियम

वित्त मंत्रालय के सुझाव पर सरकार ने अप्रैल 2026 के अंत तक ईंधन पर लगने वाले इंपोर्ट टैक्स को हटाकर शून्य (0%) कर दिया है। इसके साथ ही पेट्रोल पंपों पर जमाखोरी रोकने के लिए सख्त निर्देश जारी किए गए हैं। प्रधानमंत्री Pham Minh Chinh ने कुवैत, कतर और UAE जैसे देशों से फोन पर बात की है ताकि कच्चा तेल लगातार मिलता रहे। उन्होंने खास तौर पर कुवैत के प्रधानमंत्री से वियतनाम की रिफाइनरियों के लिए सप्लाई जारी रखने की विशेष अपील की है।

आम लोगों पर कैसा पड़ रहा है असर

ईंधन संकट की वजह से राजधानी हनोई और कई दक्षिणी प्रांतों के पेट्रोल पंपों पर मोटरसाइकिल और कारों की लंबी लाइनें देखी जा रही हैं। सरकार ने आम लोगों से अपील की है कि वे पब्लिक ट्रांसपोर्ट, कारपूलिंग या बायोफ्यूल का ज्यादा इस्तेमाल करें। इसके अलावा सरकार ने इमरजेंसी स्थितियों से निपटने के लिए करीब 40 लाख बैरल तेल का रिजर्व भी तैयार किया है ताकि मिडल ईस्ट के तनाव का असर घरेलू सप्लाई चेन पर कम से कम पड़े।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.