पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष ने वैश्विक स्तर पर ऊर्जा सप्लाई चेन को काफी हद तक प्रभावित किया है। विशेष रूप से स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज (Strait of Hormuz) जैसे महत्वपूर्ण व्यापारिक रास्तों से होने वाली कच्चे तेल और गैस की आवाजाही पर संकट खड़ा हो गया है। विशेषज्ञों के अनुसार भारत इस स्थिति को रणनीतिक कूटनीति और रूस जैसे अन्य देशों से तेल खरीदकर संभालने की कोशिश कर रहा है। हालांकि तनाव बढ़ने पर सप्लाई पर दबाव और बढ़ सकता है।

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भारत की ऊर्जा सप्लाई पर इस संकट का क्या असर हुआ?

पश्चिम एशिया के इस संघर्ष की वजह से भारत को मिलने वाली LNG और कच्चे तेल की सप्लाई पर सीधा असर पड़ा है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार मार्च 2026 के दौरान स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज के रास्ते होने वाले तेल के बहाव में 80% तक की भारी गिरावट दर्ज की गई। भारत अपनी जरूरतों को पूरा करने के लिए अब रूस से तेल की खरीद बढ़ा रहा है और फ्लोटिंग स्टोरेज का रुख एशियाई देशों की तरफ कर दिया गया है।

प्रभावित क्षेत्र विवरण
तेल सप्लाई वैश्विक स्तर पर 10-12% तेल सप्लाई बाधित हुई
गैस सप्लाई लगभग 20% गैस सप्लाई पर असर पड़ा
हॉर्मुज मार्ग मार्च में 13 दिनों तक व्यापारिक जहाजों के लिए बंद रहा
LPG खरीद भारत रूस से LPG खरीदने की संभावनाएं तलाश रहा है
खाद संकट दुनिया का 20 से 30% फर्टिलाइजर निर्यात भी प्रभावित हुआ

सरकार ने सुरक्षा और सप्लाई के लिए क्या नए नियम बनाए?

भारत सरकार ने ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने के लिए कई कड़े कदम उठाए हैं। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने 9 मार्च 2026 को नेचुरल गैस कंट्रोल ऑर्डर जारी किया जिसके तहत गैस सप्लाई के लिए प्राथमिकता तय की गई है। इसके अलावा सभी तेल और गैस कंपनियों को निर्देश दिया गया है कि वे अपना बारीक डेटा पेट्रोलियम प्लानिंग एंड एनालिसिस सेल (PPAC) के साथ साझा करें ताकि निगरानी रखी जा सके। विदेश मंत्री एस जयशंकर और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार ओमान, जॉर्डन और यूरोपीय संघ के नेताओं के संपर्क में हैं ताकि समुद्री रास्तों को सुरक्षित रखा जा सके।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com