यमन में हालात लगातार तनावपूर्ण बने हुए हैं, जहां अलग-अलग क्षेत्रों में सैन्य कार्रवाई और हमलों की सूचनाएं सामने आई हैं। 23 जुलाई 2026 को लाल सागर में सऊदी अरब के तेल टैंकरों को निशाना बनाया गया। सऊदी अरब की सरकारी समाचार एजेंसी SPA ने पुष्टि की कि Encelia नाम का टैंकर हमले के बाद आग की चपेट में आ गया, हालांकि चालक दल के सभी सदस्य सुरक्षित रहे। ये हमले हूती विद्रोहियों द्वारा सऊदी जहाजों पर लगाए गए नाकेबंदी के जवाब में किए गए हैं।
🚨: Red Sea में बड़ा हमला, Houthi विद्रोहियों ने Saudi के दो तेल टैंकरों को बनाया निशाना।
यमन के विभिन्न क्षेत्रों में सैन्य झड़पें
जुलाई के महीने में यमन के कई हिस्सों में संघर्ष की खबरें दर्ज की गई हैं। 20 जुलाई 2026 को मारिब प्रांत में हूती ड्रोन हमले में 4 सरकारी सैनिकों की मौत हुई और 5 घायल हुए। इससे पहले 15 जुलाई को यमनी सेना ने अल-जौफ में हूती हमले को विफल करने का दावा किया था। 13 जुलाई को यमन के रक्षा मंत्रालय ने सना अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के रनवे पर हमले की जानकारी दी, जिसका उद्देश्य ईरानी विमान को उतरने से रोकना था।
इसके अलावा, 5 जुलाई को होदेइदाह के पास हुई भीषण लड़ाई में 14 सरकार समर्थक सैनिक मारे गए और 23 घायल हो गए। अल-धले में हूती विद्रोहियों के खिलाफ कार्रवाई की भी खबरें सामने आई हैं, जिसमें 23 लोगों के मारे जाने और 7 को हिरासत में लेने का दावा किया गया है, हालांकि इन आंकड़ों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है।
