यमन में इन दिनों आम लोगों की मुश्किलें काफी बढ़ गई हैं। ईंधन के दाम बढ़ने की वजह से अब टैक्सी का किराया भी महंगा हो गया है, जिससे यात्रियों पर आर्थिक बोझ बढ़ गया है। लोग अपनी परेशानी बताते हुए कह रहे हैं कि अब उनके पास बचाने के लिए कुछ नहीं बचा है क्योंकि खाना और बाकी ज़रूरी सामान सब महंगे हो चुके हैं।
ईंधन और गैस के दाम क्यों बढ़े?
Aden में Yemen Oil Company ने ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी को सही ठहराते हुए कहा कि ग्लोबल स्टॉक एक्सचेंज और करेंसी एक्सचेंज रेट की वजह से दाम बढ़े हैं। इसके अलावा सामान को लाने और स्टोर करने का खर्च भी बढ़ गया है। सरकारी इलाकों में गैस सिलेंडर की कीमतों में 33% की भारी बढ़ोत्तरी हुई है।
| विवरण | पुरानी कीमत / कारण | नई कीमत / प्रभाव |
|---|---|---|
| गैस सिलेंडर | 9,000 Yemeni riyals | 12,000 Yemeni riyals |
| कीमत बढ़ने का कारण | ग्लोबल रेट और करेंसी बदलाव | कीमतों में 33% की वृद्धि |
| शिपिंग शुल्क | रिस्क फीस में बढ़ोतरी | इम्पोर्ट लागत बढ़ी |
आम लोगों और एक्सपर्ट्स की क्या राय है?
स्थानीय गैस स्टेशन मालिक Ahmed Al-Haddy ने बताया कि ऊर्जा की लागत बढ़ने से ट्रांसपोर्ट और प्रोडक्शन का खर्च बढ़ता है, जिसका सीधा असर ग्राहकों की जेब पर पड़ता है। वहीं, वर्ल्ड बैंक के चीफ इकोनॉमिस्ट Indermit Gill के मुताबिक, जारी युद्ध की वजह से महंगाई बढ़ रही है, जिसका सबसे बुरा असर गरीब आबादी और कर्ज में डूबे देशों पर पड़ रहा है।
- शिपिंग कंपनियां: क्षेत्रीय तनाव और हूती विद्रोहियों की वजह से शिपिंग कंपनियों ने रिस्क फीस बढ़ा दी है।
- सरकारी स्थिति: यमन सरकार के पास कीमतों को कंट्रोल करने के लिए पैसों की कमी है, जिससे प्राइस कंट्रोल लंबे समय तक नहीं चल पाएंगे।
- मार्केट असर: आर्थिक रिसर्चर Nabil Kasim ने चेतावनी दी है कि जब तक क्षेत्रीय तनाव कम नहीं होता, इम्पोर्ट पर निर्भर यमन जैसे देशों में कीमतें बढ़ती रहेंगी।
Frequently Asked Questions (FAQs)
यमन में गैस सिलेंडर की कीमत कितनी बढ़ी है
सरकारी नियंत्रित दक्षिणी प्रांतों में गैस सिलेंडर की कीमत 9,000 से बढ़कर 12,000 Yemeni riyals हो गई है, जो कि लगभग 33% की बढ़ोतरी है।
ईंधन के दाम बढ़ने का मुख्य कारण क्या बताया गया है
Yemen Oil Company के अनुसार ग्लोबल स्टॉक एक्सचेंज रेट, करेंसी एक्सचेंज रेट और ट्रांसपोर्टेशन व स्टोरेज की बढ़ती लागत इसका मुख्य कारण है।