यमन में हालात लगातार बिगड़ रहे हैं। वहां की राष्ट्रपति परिषद ने इस पूरी बदहाली और नाकेबंदी के लिए हूथी समूह को जिम्मेदार बताया है। परिषद का कहना है कि हूथी की हरकतों की वजह से वहां के आम लोगों का जीना मुश्किल हो गया है और मानवीय स्थिति काफी गंभीर हो गई है।

यमन की Presidential Leadership Council (PLC) के सदस्य सुल्तान अल-अरादा ने कहा कि हूथी समूह की जिद और क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए उनके खतरे ही शांति की राह में सबसे बड़ी रुकावट हैं। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से मांग की कि हूथी समूह पर दबाव बनाया जाए ताकि वे अंतरराष्ट्रीय नियमों को मानें। उन्होंने यह भी बताया कि सरकार आर्थिक सुधारों और मानवीय संकट को कम करने की कोशिश कर रही है।

संयुक्त राष्ट्र (UN) के मानवीय मामलों के अंडर-सेक्रेटरी जनरल टॉम फ्लेचर की रिपोर्ट के मुताबिक, यमन में संकट अब और तेज हो गया है। वहां करीब 1.8 करोड़ से ज्यादा लोग भूख से जूझ रहे हैं और 22 लाख से ज्यादा बच्चे कुपोषण का शिकार हैं। इस संकट के पीछे युद्ध, आर्थिक गिरावट, बढ़ती महंगाई और स्वास्थ्य सेवाओं की कमी जैसे बड़े कारण हैं।

UN ने यह भी जानकारी दी कि मानवीय मदद के लिए मांगे गए फंड में से 15 प्रतिशत से भी कम पैसा मिला है, जिसकी वजह से राहत कार्यों को कम करना पड़ा है। इसके अलावा, हूथी समूह ने UN और NGO के 73 कर्मचारियों को बंधक बना रखा है, जिससे मदद पहुंचाने के काम में काफी रुकावट आ रही है।

दूसरी तरफ, 3 जुलाई 2026 को हूथी समूह ने सऊदी अरब पर आरोप लगाया कि उसने यमन के हवाई क्षेत्र का उल्लंघन किया। हूथी का दावा है कि सऊदी ने ईरान से आने वाली एक नागरिक फ्लाइट को रोका, जिसमें करीब 200 बीमार और घायल यमनी नागरिक सवार थे। हूथी समूह ने चेतावनी दी है कि अगर सऊदी ने ऐसा दोबारा किया, तो वे सऊदी के हवाई अड्डों और अन्य अहम जगहों पर कड़ा हमला करेंगे।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.