यमन में सुरक्षा और शांति बहाली के लिए सऊदी अरब का विशेष अभियान लगातार तेजी से काम कर रहा है। सऊदी प्रोजेक्ट मसम (Masam) ने यमन के अलग-अलग इलाकों से मई 2026 के आखिरी हफ्ते में 1609 बारूदी सुरंगों और जिंदा बमों को हटाकर एक बड़ी सफलता हासिल की है। किंग सलमान रिलीफ सेंटर (KSrelief) की देखरेख में चल रहे इस प्रोजेक्ट का मुख्य उद्देश्य यमन के आम नागरिकों को बारूदी सुरंगों के खतरे से बचाना और उन्हें सुरक्षित जीवन देना है। इस अभियान से यमन में रहने वाले प्रवासियों और स्थानीय लोगों को बड़ी राहत मिल रही है।

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मई 2026 में प्रोजेक्ट मसम ने क्या-क्या बरामद किया?

मई 2026 के आखिरी हफ्ते यानी 23 से 29 मई के दौरान मसम प्रोजेक्ट की टीमों ने यमन के अलग-अलग हिस्सों से कुल 1,609 खतरनाक विस्फोटक सामग्रियां बरामद कीं। इसमें शामिल मुख्य चीजें इस प्रकार हैं:

  • बिना फटे हुए जिंदा बम: टीमों ने 1,584 बिना फटे हुए हथियारों को बरामद कर निष्क्रिय किया।
  • टैंक रोधी बारूदी सुरंग (Anti-Tank Mines): सुरक्षा बलों ने जमीन के नीचे छिपे 21 एंटी-टैंक माइन्स खोज निकाले।
  • एंटी-पर्सनल माइन्स (Anti-Personnel Mines): आम जनता को नुकसान पहुंचाने वाले 4 एंटी-पर्सनल माइन्स हटाए गए।
  • सुरक्षित की गई जमीन: इस एक हफ्ते के दौरान टीमों ने करीब 8,200 वर्ग मीटर जमीन को पूरी तरह साफ कर सुरक्षित बनाया।

अगर पूरे मई महीने (2 से 29 मई 2026) की बात करें, तो कुल 6,323 खतरनाक विस्फोटक हटाए गए हैं। इस दौरान कुल 12 लाख वर्ग मीटर (1,202,243 वर्ग मीटर) से अधिक जमीन को आम लोगों के लिए पूरी तरह बारूद से मुक्त कर दिया गया है।

साल 2018 से अब तक कितनी जमीन को किया गया सुरक्षित?

प्रोजेक्ट मसम के महानिदेशक ओसामा अल-कुसैबी ने बताया कि यह अभियान सऊदी अरब सरकार की ओर से यमन के भाई-बहनों की मदद के लिए चलाया जा रहा है। जून 2018 में शुरू हुए इस प्रोजेक्ट के बाद से 29 मई 2026 तक कुल 5,64,339 बारूदी सुरंगों, आईईडी और अन्य विस्फोटकों को नष्ट किया जा चुका है। इस बड़े अभियान के जरिए अब तक यमन की 8 करोड़ वर्ग मीटर (80.7 मिलियन वर्ग मीटर) से अधिक जमीन को पूरी तरह बारूद से मुक्त किया जा चुका है।

यमन के किन इलाकों में चल रहा है यह सुरक्षा अभियान?

मसम प्रोजेक्ट की टीमें यमन के कई संवेदनशील प्रांतों में काम कर रही हैं। इसमें मुख्य रूप से अदन, हद्रामौत (अल मुकल्ला), हज्जाह (मिदी), अल धले (कतबा), अल हुदैदा (अल खौखा), लाहेज, मारिब, शबवा और ताइज जैसे प्रभावित इलाके शामिल हैं। इन इलाकों में बारूदी सुरंगें हटने के बाद अब स्थानीय लोग और वहां काम करने वाले विदेशी कामगार अपने खेतों और रास्तों पर बिना किसी डर के आ-जा सकते हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

सऊदी मसम प्रोजेक्ट क्या है और यह कब शुरू हुआ था?

मसम (Masam) सऊदी अरब का एक मानवीय प्रोजेक्ट है जो किंग सलमान रिलीफ सेंटर (KSrelief) के तहत यमन में बारूदी सुरंगों को साफ करने का काम करता है। यह प्रोजेक्ट जून 2018 में शुरू हुआ था।

प्रोजेक्ट मसम ने अब तक कुल कितने विस्फोटक हटाए हैं?

जून 2018 से लेकर 29 मई 2026 तक इस प्रोजेक्ट ने यमन से कुल 5,64,339 बारूदी सुरंगों और विस्फोटकों को हटाया है, जिससे 80.7 मिलियन वर्ग मीटर से अधिक जमीन सुरक्षित हुई है।