Yemen Conflict: यमन के Marib में भीषण जंग जारी, सरकारी सेना की कार्रवाई में कई हूती लड़ाके ढेर

यमन में चल रहे गृहयुद्ध के बीच हालात एक बार फिर से काफी तनावपूर्ण हो गए हैं। ताजा मामलों में यमन की सरकारी सेना ने मारिब प्रांत के दक्षिणी मोर्चे पर हूती विद्रोहियों के ठिकानों पर जोरदार हमला बोला है। 12 अगस्त 2026 को हुई इस सैन्य कार्रवाई में सेना के तोपखाने ने विद्रोही ठिकानों को निशाना बनाया जिससे उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ा है। इलाके में लगातार भीषण सैन्य गतिविधियां जारी हैं और सरकारी बल हूती लड़ाकों को मुंहतोड़ जवाब दे रहे हैं।
मारिब में हूती हमला नाकाम और कई बड़े कमांडर ढेर
इसी दिन सरकारी बलों ने दक्षिणी मारिब के Al-Yarfa मोर्चे पर हूती विद्रोहियों के एक बड़े हमले को पूरी तरह से नाकाम कर दिया। इस जवाबी कार्रवाई में हूती संगठन के फील्ड कमांडर इब्राहिम अल-मुतावकल के मारे जाने की खबर सामने आई है। इसके अलावा सेना ने ड्रोन हमलों और तोपखाने की मदद से मारिब के कई इलाकों में विद्रोही ठिकानों को तबाह कर दिया। रिपोर्ट के मुताबिक Al-Balq क्षेत्र में हुई कार्रवाई में 15 से ज्यादा हूती लड़ाके मारे या घायल हुए हैं। पश्चिमी मारिब के जबल हेलन इलाके में एक कम्यूनिश्रन स्टेशन और सरवाह जिले में एक मिसाइल लॉन्च पैड को भी यमन की सेना ने पूरी तरह नष्ट कर दिया है।
अल-धले'ए और तािज़ की तरफ बढ़ रहे थे विद्रोही
सेना ने अल-धले'ए और तािज़ की ओर सैन्य मदद लेकर जा रहे हूती विद्रोहियों के काफिले पर पहले ही सुनियोजित हमले किए। इन शुरुआती हमलों में विद्रोहियों को भारी जानी नुकसान उठाना पड़ा और दर्जनों लड़ाके हताहत हुए। दूसरी तरफ हूती प्रवक्ता याह्या सारेई ने मारिब और मोखा के तटीय शहर में सैन्य ठिकानों पर बड़े पैमाने पर मिसाइल और ड्रोन हमले करने का दावा किया है। उनका कहना था कि इन हमलों में सऊदी नागरिकों समेत दर्जनों लोगों की मौत हुई है।
स्वास्थ्य मंत्रालय और अंतरराष्ट्रीय मानवता का मुद्दा
यमन के स्वास्थ्य और जनसंख्या मंत्रालय की तरफ से जारी रिपोर्ट के अनुसार 6 अगस्त से 10 अगस्त के बीच हुए हूती हमलों में कुल 212 लोग हताहत हुए थे। इनमें 36 लोगों की मौत हुई जबकि 176 लोग घायल हो गए थे और सबसे ज्यादा नुकसान मारिब में ही देखने को मिला था। यमन के उप विदेश मंत्री मुस्तफा नोमान ने लाल सागर में हो रही घटनाओं को लेकर बड़ी बात कही। उन्होंने कहा कि बाब अल-मंदाब जलडमरूमध्य में कमर्शियल शिप 'Tahama' पर हुआ मिसाइल हमला जिसमें छह लोगों की मौत हुई थी, सीधे तौर पर हॉर्मोन जलडमरूमध्य में हो रही ईरानी गतिविधियों से जुड़ा है। उन्होंने इसे क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय नौकायन सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बताया है। मारिब के स्थानीय प्रशासन ने विस्थापित शिविरों और रिहायशी इलाकों पर लगातार हो रहे हमलों को अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून का खुला उल्लंघन बताया है और संयुक्त राष्ट्र से इस मामले की जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने की मांग की है।