Saudi Aramco का बड़ा फैसला, सुरक्षा के चलते Yanbu पोर्ट से भेजा जाएगा तेल, अप्रैल से बढ़ेंगे दाम
Saudi Aramco ने 8 मार्च 2026 को तेल की सप्लाई को लेकर एक महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है। कंपनी ने कच्चे तेल (crude oil) के जहाजों का रास्ता अस्थायी रूप से बदल दिया है। अब सुरक्षा कारणों को देखते हुए तेल की सप्लाई Arabian Gulf के बजाय लाल सागर (Red Sea) स्थित Yanbu Industrial Port के जरिए की जा रही है। कंपनी का कहना है कि यह कदम ग्राहकों तक तेल की निर्बाध आपूर्ति जारी रखने के लिए उठाया गया है।
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Yanbu पोर्ट से सप्लाई का नया प्लान
Saudi Aramco ने आधिकारिक तौर पर बताया है कि जो ग्राहक मौजूदा हालात में Arabian Gulf से तेल नहीं उठा पा रहे थे, उनके लिए Yanbu एक सुरक्षित विकल्प बनकर उभरा है। मार्च के पहले हफ्ते में ही यहां से पांच बड़े तेल टैंकर (VLCCs) लोड किए जा चुके हैं। फरवरी के मुकाबले यहां से निर्यात की मात्रा तीन गुना बढ़ गई है।
इस सप्लाई को जारी रखने के लिए कंपनी अपनी East-West Pipeline का इस्तेमाल कर रही है। यह पाइपलाइन पूर्वी क्षेत्रों से तेल को सीधे Red Sea तक पहुंचाती है। इस पाइपलाइन की क्षमता 5 मिलियन बैरल प्रति दिन है, जिसे जरूरत पड़ने पर 7 मिलियन बैरल तक बढ़ाया जा सकता है। Aramco लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है ताकि हालात सामान्य होते ही पुराने रास्ते से काम शुरू किया जा सके।
कीमतों में भारी बढ़ोतरी का ऐलान
रास्ता बदलने और लॉजिस्टिक्स का खर्च बढ़ने के कारण तेल की कीमतों पर भी सीधा असर पड़ा है। Saudi Aramco ने अप्रैल महीने के लिए अपने प्रमुख Arab Light crude के दामों में भारी बढ़ोतरी की है। एशिया के लिए यह अगस्त 2022 के बाद सबसे बड़ी बढ़ोतरी मानी जा रही है।
अप्रैल महीने के लिए कीमतों में बदलाव:
- Asia: 2.50 डॉलर प्रति बैरल महंगा
- Europe & Mediterranean: 3.50 डॉलर प्रति बैरल महंगा
- North America: 2.50 डॉलर प्रति बैरल महंगा
बाजार के जानकारों के मुताबिक, Brent crude की कीमतें भी उछलकर 83 डॉलर प्रति बैरल के पार चली गई हैं। इसका असर आम जनता की जेब पर भी दिख रहा है, जर्मनी जैसे यूरोपीय देशों में पेट्रोल की कीमतें 2 यूरो प्रति लीटर तक पहुंच चुकी हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि Yanbu से लोडिंग का खर्च दोगुना हो गया है, जिससे यह बढ़ोतरी लाजमी थी।





