Donald Trump का बड़ा बयान: ईरान के खिलाफ मिलिट्री ऑपरेशन पूरी ताकत से जारी, अब तक 7000 ठिकाने तबाह
अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने 16 मार्च 2026 को बड़ा बयान जारी किया है। उन्होंने साफ कहा है कि ईरान के खिलाफ मिलिट्री ऑपरेशन पूरी ताकत से जारी रहेगा। इस सैन्य अभियान को आधिकारिक तौर पर ‘Operation Epic Fury’ नाम दिया गया है, जिसका मुख्य मकसद ईरान के परमाणु और बैलिस्टिक मिसाइल खतरे को जड़ से खत्म करना है। White House और राष्ट्रपति के बयान के अनुसार ईरान के सैन्य ठिकानों पर लगातार हमले किए जा रहे हैं।
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ईरान को अब तक कितना नुकसान हुआ?
इस मिलिट्री ऑपरेशन में ईरान की सेना और हथियारों को भारी नुकसान पहुंचाया गया है। Donald Trump के मुताबिक ईरान की वायु सेना, नौसेना और रडार सिस्टम को पूरी तरह तबाह कर दिया गया है। अमेरिका और इजराइल की सेना मिलकर इस ऑपरेशन को अंजाम दे रही है।
- अब तक पूरे ईरान में 7,000 से ज्यादा ठिकानों को निशाना बनाया गया है।
- ईरान के बैलिस्टिक मिसाइल लॉन्च में 90 प्रतिशत और ड्रोन हमलों में 95 प्रतिशत की भारी कमी दर्ज की गई है।
- ईरान के 100 से ज्यादा नौसेना के जहाजों को डुबा दिया गया है, जिसमें 30 माइन-लेइंग शिप शामिल हैं।
Strait of Hormuz का संकट और दुनिया पर असर
Strait of Hormuz का जलमार्ग बंद होने से पूरी दुनिया में व्यापार और तेल की सप्लाई पर बुरा असर पड़ा है। कच्चे तेल की कीमत 16 मार्च को 105 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई है। तेल के दाम बढ़ने से गल्फ देशों में रहने वाले प्रवासियों और भारत जैसे देशों में महंगाई पर सीधा असर पड़ने की संभावना है।
Donald Trump ने चीन, फ्रांस, जापान और ब्रिटेन समेत सात देशों से अपने युद्धपोत भेजने की मांग की है ताकि Strait of Hormuz को दोबारा खोला जा सके। उन्होंने NATO देशों को चेतावनी दी है कि मदद न करना उनके भविष्य के लिए ठीक नहीं होगा। मिडल ईस्ट में 5,000 अतिरिक्त अमेरिकी सैनिकों को भेजने की तैयारी भी चल रही है। दूसरी ओर ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची ने कहा है कि उनका देश युद्धविराम नहीं चाहता और वे अपनी लड़ाई जारी रखेंगे।





