Iran US Israel War: ईरान में 243 छात्र और शिक्षकों की मौत, शिक्षा मंत्रालय ने जारी किए आंकड़े
ईरान और अमेरिका-इजरायल के बीच चल रहे युद्ध में आम नागरिकों और खासकर बच्चों पर बहुत बुरा असर पड़ रहा है। ईरान के शिक्षा मंत्रालय ने आधिकारिक तौर पर बताया है कि इस संघर्ष की शुरुआत से अब तक कम से कम 243 छात्र और शिक्षक अपनी जान गंवा चुके हैं। अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार, युद्ध के कारण ईरान में शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हुई है और कई जगहों पर स्कूलों को भी निशाना बनाया गया है।
युद्ध में अब तक कितना नुकसान हुआ है?
ईरान के शिक्षा मंत्रालय के अधिकारियों ने हताहतों की संख्या को लेकर ताजा आंकड़े जारी किए हैं। 24 मार्च 2026 तक यह संख्या 230 बताई गई थी, जो अगले ही दिन बढ़कर 243 हो गई। इसके अलावा 177 से अधिक छात्र और सांस्कृतिक क्षेत्र से जुड़े लोग घायल हुए हैं। अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं ने इन हमलों की कड़ी निंदा की है और इसे मानवीय कानून का उल्लंघन बताया है। विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भी स्कूलों और अस्पतालों पर हमलों को युद्ध अपराध की श्रेणी में रखा है।
स्कूलों और बच्चों पर हमलों का क्या असर हुआ?
ईरान में छिड़े इस युद्ध की वजह से बच्चों का भविष्य और उनकी सुरक्षा खतरे में पड़ गई है। दक्षिण ईरान के मीनाब में एक स्कूल पर हुए हमले में बड़ी संख्या में बच्चों की जान जाने की खबर है। युद्ध के कारण देश के शिक्षा क्षेत्र में आए बदलावों को नीचे दिया गया है:
- देशभर में स्कूलों में होने वाली फिजिकल क्लास अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दी गई हैं।
- पढ़ाई अब ऑनलाइन मोड पर शिफ्ट हो गई है, लेकिन बिजली और इंटरनेट की अस्थिरता के कारण छात्रों को दिक्कत हो रही है।
- करीब 600 से ज्यादा शैक्षणिक और सांस्कृतिक इमारतों को इस युद्ध में नुकसान पहुंचा है।
- अधिकारियों के अनुसार कुल मौतों में बच्चों की संख्या लगभग 30 प्रतिशत के करीब है।
- यूनिसेफ ने अपनी रिपोर्ट में बताया है कि अब तक 2,100 से ज्यादा बच्चे इस युद्ध में हताहत हुए हैं।
एमनेस्टी इंटरनेशनल और यूनेस्को ने भी इन घटनाओं पर गहरी चिंता व्यक्त की है। ईरान के शिक्षा मंत्रालय ने कहा है कि हमलों की वजह से बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान हुआ है, जिससे भविष्य में शिक्षा व्यवस्था को दोबारा पटरी पर लाना एक बड़ी चुनौती होगी। फिलहाल पूरे देश में सुरक्षा कारणों से इंटरनेट आधारित पढ़ाई को ही प्राथमिकता दी जा रही है।




