UAE Government New Update: ईरान के हमलों पर UAE सख्त, कहा- आत्मरक्षा के लिए उठाएंगे जरूरी कदम
संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने ईरान द्वारा किए जा रहे मिसाइल और ड्रोन हमलों को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। जिनेवा में संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद में बोलते हुए UAE के प्रतिनिधि जमाल जामा अल मुशरख ने कहा कि ये हमले देश की संप्रभुता और अंतरराष्ट्रीय नियमों का सीधा उल्लंघन हैं। UAE ने स्पष्ट किया है कि वह अपने नागरिकों और विदेशी निवासियों की सुरक्षा के लिए संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अनुच्छेद 51 के तहत आत्मरक्षा का अधिकार रखता है।
हमलों से कितना हुआ नुकसान और कौन से इलाके आए चपेट में?
ईरान द्वारा की गई इस सैन्य कार्रवाई में बड़े पैमाने पर बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया गया है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, इन हमलों से जान-माल का काफी नुकसान हुआ है। नीचे दी गई टेबल में हमलों और नुकसान का पूरा विवरण दिया गया है:
| विवरण | कुल संख्या/आंकड़ा |
|---|---|
| दागी गई बैलिस्टिक मिसाइलें | 357 |
| इस्तेमाल किए गए ड्रोन | 1,815 |
| क्रूज मिसाइलें | 15 |
| मृतकों की संख्या (सैनिक और नागरिक) | 9 |
| घायलों की संख्या (29 अलग देशों के नागरिक) | 166 |
ईरान के इन हमलों ने एयरपोर्ट, बंदरगाह, तेल सुविधाओं, बिजली स्टेशनों और रिहायशी इमारतों जैसे नागरिक ठिकानों को निशाना बनाया है। UAE ने कहा कि ईरान का यह व्यवहार अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था की नींव को कमजोर कर रहा है।
भारतीय प्रवासियों और सुरक्षा पर क्या पड़ रहा है असर?
UAE में भारत सहित दुनिया के 200 से अधिक देशों के लोग रहते हैं और काम करते हैं। इन हमलों का असर वहां रह रहे प्रवासियों की सुरक्षा पर भी पड़ रहा है। UAE सरकार ने साफ किया है कि वह अपने देश में रहने वाले हर व्यक्ति और सैलानी की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी जरूरी कदम उठाएगी।
- एयरपोर्ट और तेल सुविधाओं पर हमलों से यात्रा और व्यापार में दिक्कतें आ सकती हैं।
- खाड़ी क्षेत्र में बढ़ता तनाव ऊर्जा बाजार और ग्लोबल सप्लाई चेन को प्रभावित कर सकता है।
- संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने प्रस्ताव 2817 के जरिए इन हमलों की कड़ी निंदा की है।
- सऊदी अरब, कुवैत और कतर जैसे पड़ोसी देश भी इन हमलों की जद में आए हैं।
- UAE प्रशासन ने प्रवासियों को सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने की सलाह दी है।
UAE के वरिष्ठ राजनयिकों ने चेतावनी दी है कि ईरान की यह आक्रामकता उसे दुनिया में और ज्यादा अलग-थलग कर देगी। सरकार ने दोहराया है कि हमलों के किसी भी बहाने को स्वीकार नहीं किया जाएगा और हमलावरों को जवाबदेह ठहराया जाएगा।




