Iran-US Tension: IRGC ने दी चेतावनी, अमेरिकी सेना के पास से हट जाएं आम लोग, Strait of Hormuz बंद
ईरान की सेना (IRGC) ने मिडिल ईस्ट के इलाकों में रह रहे लोगों को अलर्ट किया है कि वे अमेरिकी फौज के ठिकानों से दूर चले जाएं। सेना का कहना है कि वे अमेरिकी सुरक्षा बलों पर कहीं भी हमला करने के लिए मजबूर हैं। ईरान के इस कदम के बाद खाड़ी देशों में तनाव काफी बढ़ गया है। Strait of Hormuz को बंद कर दिया गया है, जिससे सामान लाने और ले जाने वाले जहाजों का रास्ता रुक गया है। इस तनाव का असर खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों और अंतरराष्ट्रीय व्यापार पर पड़ सकता है।
ईरान की नई चेतावनी में क्या कहा गया है?
ईरान के Islamic Revolutionary Guard Corps (IRGC) ने बयान जारी कर बताया कि वे अमेरिकी सेना को खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने आम लोगों से अपील की है कि वे अमेरिकी सैन्य ठिकानों के पास न रहें क्योंकि ये सेना निर्दोष लोगों को ढाल की तरह इस्तेमाल कर रही है। ईरान ने उन होटलों को भी निशाना बनाने की बात कही है जहां US सैनिक ठहरे हुए हैं। ईरान का कहना है कि जिस होटल में अमेरिकी सैनिक होंगे, वह जगह उनके लिए हमला करने का निशाना बन जाएगी।
क्षेत्र में मौजूदा हालात और प्रमुख अपडेट्स क्या हैं?
पिछले 24 घंटों में इस तनाव के कारण कई बड़े बदलाव हुए हैं। खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों और व्यापार पर इसका असर दिखने लगा है। मुख्य जानकारियों को नीचे दी गई टेबल में देखा जा सकता है:
| विषय | ताजा अपडेट |
|---|---|
| Strait of Hormuz | पूरी तरह बंद कर दिया गया है, किसी भी जहाज को जाने की अनुमति नहीं है। |
| US राष्ट्रपति का फैसला | Donald Trump ने रास्ता खोलने के लिए 6 अप्रैल तक का समय दिया है। |
| सैन्य कार्रवाई | IRGC ने Israel और खाड़ी देशों (UAE, Qatar, Kuwait, Bahrain) में US ठिकानों पर हमले किए। |
| कमांडर की मौत | CENTCOM ने पुष्टि की है कि Admiral Alireza Tangsiri एक हवाई हमले में मारे गए। |
| शांति प्रस्ताव | अमेरिका ने Pakistan के जरिए 15 सूत्रीय शांति प्रस्ताव ईरान को भेजा है। |
| लामबंदी | ईरान ने 10 लाख लड़ाकों और Basij फोर्स को युद्ध के लिए तैयार किया है। |
इस बीच, UN के मानवाधिकार प्रमुख Volker Turk ने अमेरिका से स्कूल पर हुए हमले की निष्पक्ष जांच करने को कहा है। UAE ने भी अंतरराष्ट्रीय समुदाय से Strait of Hormuz को दोबारा खुलवाने के लिए मदद मांगी है। खाड़ी देशों की संस्था GCC ने ईरान के इन हमलों को खतरनाक बताया है और कहा है कि ईरान ने सभी लक्ष्मण रेखाएं पार कर दी हैं।




