Iran Israel War Update: ईरान ने इजरायल को दी भारी कीमत चुकाने की चेतावनी, हॉर्मुज जलडमरूमध्य बंद करने का किया ऐलान
ईरान और इजरायल के बीच तनाव अब बेहद गंभीर स्थिति में पहुंच गया है। 27 मार्च 2026 को ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची ने आधिकारिक तौर पर कहा है कि उनके देश के बुनियादी ढांचे पर हुए हमलों के लिए इजरायल को भारी कीमत चुकानी होगी। इजरायल और अमेरिका ने मिलकर ईरान के खिलाफ ‘Operation Roaring Lion’ शुरू किया है, जिसके तहत कई सैन्य और परमाणु ठिकानों को निशाना बनाया गया है। इस तनाव का सीधा असर समुद्री रास्तों पर भी पड़ा है।
इजरायल और अमेरिका के हमलों से ईरान में क्या हुआ नुकसान?
इजरायली सेना (IDF) और अमेरिकी सेना ने ईरान के कई महत्वपूर्ण इलाकों में बड़े पैमाने पर हवाई हमले किए हैं। इन हमलों में ईरान की हथियार बनाने की क्षमता को कम करने की कोशिश की गई है। जमीनी रिपोर्ट के मुताबिक ईरान के कई अहम ठिकानों को नुकसान पहुंचा है।
| प्रभावित क्षेत्र/साइट | नुकसान का विवरण |
|---|---|
| अराक (Arak) | भारी जल रिएक्टर (Heavy Water Reactor) पर हमला |
| अर्दकन (Ardakan) | यूरेनियम प्रोसेसिंग प्लांट को बनाया गया निशाना |
| औद्योगिक क्षेत्र | दो बड़ी स्टील फैक्ट्रियां और एक पावर प्लांट प्रभावित |
| सैन्य ठिकाने | IRGC के मिसाइल लॉन्च साइट और एयर डिफेंस सिस्टम तबाह |
| नागरिक क्षेत्र | कोम (Qom) शहर में रिहायशी इमारतों पर हमले में 6 लोगों की मौत |
| कुवैत | मुबारक अल-कबीर पोर्ट पर ड्रोन और मिसाइल से हमला |
ईरान का जवाबी रुख और हॉर्मुज जलडमरूमध्य पर पाबंदी
ईरान के विदेश मंत्री ने इन हमलों को युद्ध अपराध करार दिया है और कहा है कि वे अपनी रक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाएंगे। ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने दुनिया के प्रमुख व्यापारिक रास्ते हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को उन देशों के जहाजों के लिए बंद करने का ऐलान किया है जो इजरायल या अमेरिका का साथ दे रहे हैं। अब तक तीन जहाजों को वापस भेजे जाने की खबर मिली है।
उधर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने संकेत दिया है कि ऊर्जा ठिकानों पर होने वाले हमलों को 6 अप्रैल तक टाला जा सकता है। उन्होंने यह भी दावा किया कि ईरान समझौते के लिए बातचीत करना चाहता है। हालांकि ईरान के विदेश मंत्री ने अमेरिकी पक्ष के साथ किसी भी तरह की सीधी बातचीत या डायलॉग से साफ इनकार किया है। इस बीच इजरायल के रक्षा मंत्री ने चेतावनी दी है कि अगर ईरान की तरफ से मिसाइल हमले नहीं रुके, तो वे अपने अभियान को और ज्यादा विस्तार देंगे।




