Iran News: ईरान के विदेश मंत्री ने अमेरिका पर बोला हमला, कहा मुनाफे के लिए नौजवान सैनिकों को युद्ध में धकेला जा रहा है
ईरान के विदेश मंत्री Seyed Abbas Araghchi ने अमेरिका की विदेश नीति और मध्य पूर्व में जारी संघर्ष को लेकर एक बड़ा बयान जारी किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि अमेरिका अपने फायदे के लिए दूसरे देशों के लिए युद्ध लड़ रहा है जिससे आम सैनिकों की जान खतरे में पड़ रही है। यह बयान ऐसे समय में आया है जब क्षेत्र में तनाव चरम पर है और ईरान की कई दवा कंपनियों को मिसाइल हमलों में नुकसान पहुंचा है।
ईरान के विदेश मंत्री ने क्या कहा
Seyed Abbas Araghchi ने सोशल मीडिया पर अपनी बात रखते हुए कहा कि ‘America First’ का नारा तब खोखला लगने लगता है जब किसी दूसरे शासन के लिए युद्ध शुरू किया जाए। उन्होंने इस युद्ध को दोनों देशों पर थोपा हुआ बताया। उनके बयान के मुख्य बिंदु नीचे दिए गए हैं:
- ईरान ने इजरायल द्वारा दवा बनाने वाली कंपनियों पर किए गए हमलों की कड़ी निंदा की है।
- ईरान सरकार के अनुसार उनकी एक बड़ी कैंसर की दवा बनाने वाली कंपनी को US-इजरायली हवाई हमलों में नुकसान हुआ है।
- विदेश मंत्री ने इसे युद्ध अपराध बताते हुए अपनी सेना द्वारा बड़े पलटवार की चेतावनी दी है।
- ईरान ने साफ किया है कि वह अमेरिका के साथ किसी भी सीधी बातचीत में शामिल नहीं है।
क्षेत्र में बढ़ते तनाव और हमलों का विवरण
पिछले कुछ दिनों में खाड़ी देशों और ईरान के आसपास सैन्य गतिविधियां तेज हो गई हैं। इसका सीधा असर वहां रहने वाले प्रवासियों और व्यापारिक जहाजों पर पड़ रहा है। हालिया घटनाओं का विवरण इस प्रकार है:
| घटना का प्रकार | प्रभावित क्षेत्र / जानकारी |
|---|---|
| समुद्री हमला | दुबई के पास एक कुवैती टैंकर पर हमला हुआ। |
| हवाई हमला | ईरान की फार्मा कंपनियों पर इजरायली हमले की खबर। |
| संसदीय फैसला | ईरान ने Strait of Hormuz से गुजरने वाले जहाजों पर टैक्स लगाने का मन बनाया। |
| सैन्य चेतावनी | IRGC ने अमेरिकी टेक कंपनियों को निशाना बनाने की धमकी दी। |
युद्ध का आम जनजीवन और प्रवासियों पर असर
ईरान और आसपास के क्षेत्रों में चल रहे इस संघर्ष ने बड़े पैमाने पर तबाही मचाई है। अब तक ईरान में 3,000 से ज्यादा और लेबनान में 1,200 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है। लेबनान से लगभग 10 लाख लोग अपना घर छोड़ने को मजबूर हुए हैं। खाड़ी देशों में काम करने वाले प्रवासियों के लिए भी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है क्योंकि दुबई के पास भी जहाजों को निशाना बनाया गया है। ईरान ने सऊदी अरब के साथ अपने रिश्तों को बेहतर बताया है लेकिन अमेरिका को जल्द से जल्द क्षेत्र छोड़ने को कहा है।




