ईरान ने दी बड़ी चेतावनी, कहा दूतावासों पर हमला हुआ तो अंजाम होगा बुरा, इसराइल और अमेरिका को मिला सीधा संदेश.
ईरान के सैन्य मुख्यालय Khatam al-Anbiya ने दुनिया को बड़ी चेतावनी दी है कि ईरान के किसी भी दूतावास या राजनयिक मिशन पर हमला बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. सेना के वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा है कि अगर उनके हितों को नुकसान पहुंचा, तो वे जवाबी कार्रवाई के लिए पूरी तरह स्वतंत्र हैं. खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच ईरान ने अपनी सैन्य ताकत और तैयारी का हवाला देते हुए अमेरिका और इसराइल को सचेत रहने को कहा है. यह बयान ईरान की उस रणनीति का हिस्सा है जिसमें वह अपने राजनयिक क्षेत्रों को अपनी संप्रभुता का हिस्सा मानता है.
राजनयिक मिशनों पर हमले को लेकर क्या है ईरान की तैयारी?
ईरान के सशस्त्र बलों के प्रवक्ता General Abolfazl Shekarchi ने पहले ही साफ कर दिया था कि अगर लेबनान में ईरान के प्रतिनिधियों या दूतावास पर हमला होता है, तो वे चुप नहीं रहेंगे. ऐसी स्थिति में दुनिया भर में मौजूद इसराइली दूतावासों को निशाना बनाया जा सकता है. ईरान का मानना है कि अब तक उसने संयम बरता है, लेकिन अगर उसके राजनयिक जमीन पर हमला हुआ तो वह अपनी नीति को तुरंत बदल देगा. सैन्य मुख्यालय ने यह भी कहा है कि वे अपनी सुरक्षा के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं.
हाल के दिनों में ईरान ने किन बड़ी कार्रवाइयों का जिक्र किया?
ईरान की ओर से जारी बयानों में पिछले कुछ हफ्तों की सैन्य गतिविधियों का ब्यौरा दिया गया है. सेना ने बताया कि उन्होंने अमेरिका और इसराइल के आर्थिक केंद्रों को भी अपने रडार पर रखा है. नीचे दी गई तालिका में हाल की घटनाओं और चेतावनियों को देखा जा सकता है:
| समय | ईरान का आधिकारिक बयान या कार्रवाई |
|---|---|
| मार्च 2026 | अमेरिकी और इसराइली बुनियादी ढांचे पर हमले की आधिकारिक जिम्मेदारी लेने का ऐलान किया. |
| 31 मार्च 2026 | बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन के जरिए ऑपरेशन True Promise 4 को अंजाम दिया गया. |
| दिसंबर 2024 | दमिश्क और अलेप्पो में ईरानी दूतावासों पर हुए हमलों की संयुक्त राष्ट्र में कड़ी निंदा की गई. |
ईरान के अधिकारियों ने यह भी आरोप लगाया है कि इसराइल खाड़ी देशों के तेल और गैस इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमले की साजिश रच रहा है. इन सब बातों को ध्यान में रखते हुए ईरान ने अपनी जवाबी कार्रवाई की योजना को और भी सख्त बना दिया है और अमेरिका के साथ-साथ इसराइल को किसी भी गलत कदम के प्रति आगाह किया है.




