Iran US Ceasefire Update: ईरान ने अमेरिका को दी खुली चेतावनी, कहा लेबनान पर हमला हुआ तो अंजाम होगा बहुत बुरा.
ईरान और अमेरिका के बीच हुए दो हफ्ते के सीजफायर को लेकर अब नया विवाद खड़ा हो गया है. ईरान के संसद अध्यक्ष Mohammad Bagher Ghalibaf ने साफ तौर पर कहा है कि लेबनान इस समझौते का अटूट हिस्सा है. उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर समझौते के नियमों का उल्लंघन हुआ तो इसके गंभीर नतीजे भुगतने होंगे. फिलहाल लेबनान में इसराइली सेना के हमले जारी हैं और ईरान ने इसके विरोध में Strait of Hormuz को बंद कर दिया है जिससे दुनिया भर में तनाव बढ़ गया है.
सीजफायर को लेकर ईरान और अमेरिका के बीच क्या है विवाद?
ईरान का दावा है कि पाकिस्तान की मध्यस्थता में जो समझौता हुआ है उसमें लेबनान और Hezbollah पर हमले रोकना साफ तौर पर शामिल था. ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने भी कहा है कि लेबनान के बिना सीजफायर का कोई मतलब नहीं है. वहीं दूसरी तरफ अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump और इसराइल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu ने इस बात से इनकार किया है. अमेरिकी उपराष्ट्रपति JD Vance का कहना है कि यह केवल ईरान और अमेरिका के बीच का मामला है और इसमें लेबनान शामिल नहीं है.
ताजा हालात और समझौते से जुड़ी मुख्य बातें
इस सीजफायर के ऐलान के बाद भी जमीनी हालात बहुत खराब हैं. इसराइल ने लेबनान में अपने हमले कम करने के बजाय और तेज कर दिए हैं जिससे वहां भारी जान-माल का नुकसान हुआ है. पाकिस्तान के प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif ने भी समझौते में लेबनान का जिक्र किया था लेकिन अमेरिका इसे मानने को तैयार नहीं है. संयुक्त राष्ट्र ने भी इस स्थिति पर चिंता जताई है और लेबनान में हो रही मौतों को भयानक बताया है.
| विषय | जानकारी |
|---|---|
| सीजफायर की तारीख | 7 अप्रैल 2026 से 2 हफ्ते के लिए |
| मध्यस्थता | पाकिस्तान (इस्लामाबाद में बातचीत तय) |
| ईरान की मांग | लेबनान में तुरंत हमले रुकें |
| अमेरिका का रुख | लेबनान इस डील का हिस्सा नहीं है |
| बड़ा घटनाक्रम | ईरान ने Strait of Hormuz को बंद किया |
इस विवाद की वजह से अब यह सीजफायर बहुत कमजोर नजर आ रहा है. अगर लेबनान में हमले जारी रहते हैं तो 10 अप्रैल को पाकिस्तान में होने वाली बातचीत पर भी संकट के बादल मंडरा सकते हैं. ईरान ने साफ किया है कि वह अपने सहयोगियों के खिलाफ किसी भी तरह की कार्रवाई बर्दाश्त नहीं करेगा और जवाबी कार्रवाई के लिए तैयार है.




