Hormuz Strait Update: अमेरिकी युद्धपोतों की एंट्री से ईरान में मचा हड़कंप, चेतावनी के बाद जहाज पलटे, बातचीत अब भी जारी
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। 11 अप्रैल 2026 को अमेरिकी युद्धपोतों ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को पार करने की कोशिश की, जिससे पूरे इलाके में हलचल मच गई। यह घटना ऐसे समय में हुई है जब दोनों देश पाकिस्तान के इस्लामाबाद में युद्धविराम को लेकर बातचीत कर रहे हैं।
अमेरिका और ईरान के बीच क्या हुआ?
अमेरिकी अधिकारियों ने पुष्टि की कि उनकी नेवी के कुछ युद्धपोतों ने 11 अप्रैल को हॉर्मुज जलडमरूमध्य को पार किया। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर दावा किया कि अमेरिका ने इस रास्ते को साफ करने का काम शुरू कर दिया है। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान की 28 माइन बिछाने वाली नावें समुद्र की गहराई में जा चुकी हैं। अमेरिकी अधिकारियों के मुताबिक, यह मिशन नेविगेशन की आजादी सुनिश्चित करने के लिए था।
ईरान ने क्या चेतावनी दी और क्या हुआ?
ईरान की तरफ से इस खबर पर अलग दावे किए गए हैं। ईरानी विदेश मंत्रालय और फार्स न्यूज एजेंसी के अनुसार, एक अमेरिकी युद्धपोत UAE के फजाइरा से हॉर्मुज की ओर आ रहा था, लेकिन ईरान की सख्त चेतावनी के बाद उसने अपना रास्ता बदल लिया। ईरान ने चेतावनी दी थी कि अगर जहाज आगे बढ़ा तो उसे निशाना बनाया जाएगा। हालांकि, ईरान के सरकारी टीवी ने इस बात से इनकार किया कि किसी अमेरिकी जहाज ने जलडमरूमध्य को पार किया है।
पाकिस्तान में चल रही बातचीत का क्या असर होगा?
समुद्र में इस तनाव के बीच इस्लामाबाद में अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत शुरू हुई है, जिसका नेतृत्व अमेरिकी उपराष्ट्रपति JD Vance कर रहे हैं। राष्ट्रपति ट्रंप ने शर्त रखी है कि हॉर्मुज जलडमरूमध्य को पूरी तरह और सुरक्षित तरीके से खोलना होगा तभी युद्धविराम सफल होगा। दूसरी ओर, ईरान के विदेश मंत्री ने कहा कि समुद्री बारूदी सुरंगों (mines) की वजह से रास्ता खोलने में कुछ तकनीकी दिक्कतें आ सकती हैं।




