US और ईरान के बीच फिर होगी बातचीत, पाकिस्तान ने दिया इस्लामाबाद आने का न्योता, तनाव के बीच बड़ी कोशिश
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव को कम करने के लिए पाकिस्तान ने एक बड़ी पहल की है। पाकिस्तानी अधिकारियों ने दोनों देशों को अगले दौर की बातचीत के लिए इस्लामाबाद आने का प्रस्ताव दिया है। इस बीच दोनों देशों के बीच युद्धविराम अभी भी जारी है और बातचीत के रास्ते खुले हुए हैं। यह कोशिश उस समय हो रही है जब क्षेत्र में सैन्य तनाव काफी बढ़ गया है।
अगली बातचीत कब और कहाँ हो सकती है?
पाकिस्तानी अधिकारियों के मुताबिक, अगली बातचीत अगले कुछ दिनों में हो सकती है। इसके लिए 16 अप्रैल 2026 की तारीख पर चर्चा चल रही है। हालांकि, वेन्यू के तौर पर इस्लामाबाद के अलावा स्विट्जरलैंड के जेनेवा शहर पर भी विचार किया जा रहा है। यह प्रस्ताव 12 अप्रैल को खत्म हुए पहले दौर की बातचीत के बाद आया है, जिसमें कोई ठोस नतीजा नहीं निकल पाया था।
बातचीत और वर्तमान स्थिति की मुख्य जानकारी
| विवरण | महत्वपूर्ण जानकारी |
|---|---|
| पहली बातचीत का अंत | 12 अप्रैल 2026 |
| युद्धविराम की समाप्ति तिथि | 21 अप्रैल 2026 |
| अमेरिकी नौसैनिक नाकाबंदी | 13 अप्रैल 2026 से शुरू |
| मध्यस्थ देश | पाकिस्तान, सऊदी अरब, मिस्र और तुर्की |
| प्रस्तावित अगली तारीख | 16 अप्रैल 2026 |
दोनों देशों और दुनिया का क्या कहना है?
अमेरिका के उपराष्ट्रपति JD Vance ने साफ किया कि ईरान का परमाणु हथियार हासिल करना अमेरिका के लिए एक रेड लाइन है। वहीं ईरान के विदेश मंत्री Seyed Abbas Araghchi ने अमेरिका पर दबाव बनाने और शर्तें बदलने का आरोप लगाया है। संयुक्त राष्ट्र प्रमुख एंटोनियो गुटेरेस ने दोनों देशों से बातचीत जारी रखने की अपील की है और कहा है कि इस विवाद का कोई सैन्य समाधान नहीं है। पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशक डार इस पूरी प्रक्रिया में मध्यस्थ की भूमिका निभा रहे हैं।




