Balochistan में सुरक्षा बलों ने कई लोगों को किया गायब, परिवारों ने लगाई रिहाई की गुहार

बलूचिस्तान में सुरक्षा बलों द्वारा लोगों को जबरन गायब करने की खबरें फिर सामने आई हैं। कई परिवारों ने पाकिस्तानी सेना और सुरक्षा एजेंसियों पर आरोप लगाया है कि वे बिना किसी कानूनी प्रक्रिया के लोगों को उठा रहे हैं। इस तनाव के बीच कई परिवार अपने अपनों की वापसी के लिए सड़कों पर उतर आए हैं और सरकार से मदद मांग रहे हैं।

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किन लोगों को हिरासत में लिया गया और कहाँ से उठाया गया?

ताज़ा खबरों के मुताबिक, Panjgur और Dera Bugti जैसे इलाकों से कई लोगों को सुरक्षा बलों ने उठाया है। इसमें कुछ भाई भी शामिल हैं जिन्हें रात के समय घर की तलाशी के दौरान ले जाया गया। परिवारों का कहना है कि उन्हें यह नहीं बताया गया कि उनके अपनों को कहाँ रखा गया है। गायब हुए लोगों की जानकारी नीचे टेबल में दी गई है:

इलाका गायब हुए लोगों के नाम
Panjgur Sabir, Shareef, Shakeel, Mukhtiar, Hussain, Maula Bakhsh
Dera Bugti Nabi Sher, Nabi Baksh, Usama, Meer Gul, Kareem, Siddiq
Killi Ismail Mohammad Siddique Langove

अपनों की तलाश में परिवारों का क्या हाल है?

Mohammad Siddique Langove की पत्नी ने Quetta में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की और सरकार से अपने पति को वापस लाने की मांग की। उन्होंने बताया कि उनके पति को 7 अप्रैल 2026 की रात को घर से उठा लिया गया था। वहीं Quetta में जबरन गायब किए गए लोगों के खिलाफ चल रहा विरोध प्रदर्शन अब 6133 दिनों से जारी है। लोग मांग कर रहे हैं कि अगर किसी पर आरोप हैं, तो उन्हें अदालत में पेश किया जाए।

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर क्या प्रतिक्रिया हुई है?

इस मुद्दे को अब दुनिया के सामने ले जाया जा रहा है। Dr. Sabiha Baloch ने United Nations Human Rights Council की बैठक में बलूचिस्तान में हो रहे मानवाधिकारों के उल्लंघन का मुद्दा उठाया। इसके अलावा, International Voice for Baloch Missing Persons (IVMP) लंदन की University of West London में एक कॉन्फ्रेंस आयोजित करने जा रहा है ताकि दुनिया का ध्यान इस समस्या की तरफ खींचा जा सके।

क्या कुछ लोग वापस लौटे हैं?

इस पूरे मामले में कुछ राहत की खबर भी आई है। Aamir, जो दिसंबर 2025 से Gwadar से गायब थे, और Ilyas, जिन्हें 6 अप्रैल 2026 को उठाया गया था, उन्हें रिहा कर दिया गया है। हालांकि, अभी भी सैकड़ों लोग लापता हैं जिनके परिवार उनकी तलाश में भटक रहे हैं।