Donald Trump का बड़ा ऐलान: अमेरिका जल्द छोड़ेगा ईरान, दोबारा बसने में लगेंगे 10 साल
अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान को लेकर एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि अमेरिकी सेना जल्द ही ईरान से वापस लौट आएगी। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि सैन्य कार्रवाई के बाद ईरान को दोबारा खड़ा होने और बसने में कम से कम 10 साल का समय लगेगा। ट्रंप ने साफ किया कि उन्होंने जानबूझकर ईरान के तेल और एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर को बर्बाद नहीं किया है ताकि भविष्य में इसका फायदा ईरान के आम लोगों को मिल सके।
ईरान को दोबारा बसने में लगेंगे 10 साल
सऊदी अरब के न्यूज़ आउटलेट Akhbar24 की ताज़ा रिपोर्ट के अनुसार, 17 मार्च 2026 को राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान से वापसी का संकेत दिया। उन्होंने कहा कि सैन्य ठिकानों को तो खत्म कर दिया गया है, लेकिन पूरे देश के रिकंस्ट्रक्शन (reconstruction) में अभी एक दशक यानी 10 साल का लंबा वक्त लगेगा। अमेरिकी सेना की सेंट्रल कमांड (CENTCOM) अब सेना की वापसी की रणनीति पर काम कर रही है। आने वाले समय में यहां अंतरराष्ट्रीय कंस्ट्रक्शन कंपनियों के लिए बड़े काम निकल सकते हैं।
तेल कुओं और इंफ्रास्ट्रक्चर को क्यों छोड़ा गया?
ट्रंप ने अपने बयान में इस बात पर जोर दिया कि ईरान के तेल कुओं और पाइपलाइनों को सुरक्षित रखा गया है। इसके पीछे का मुख्य कारण यह है कि अगली सरकार या प्रशासन देश की अर्थव्यवस्था को फिर से खड़ा कर सके।
- ग्लोबल मार्केट पर असर: ईरान का लगभग 90% तेल एक्सपोर्ट खार्ग आइलैंड (Kharg Island) और अन्य प्रमुख जगहों से होता है। इसे सुरक्षित रखने से दुनिया भर में तेल की सप्लाई और दाम स्थिर रहेंगे।
- भविष्य की तरक्की: अमेरिका ने इसे एक इंसानियत वाला कदम बताया है, ताकि युद्ध के बाद ईरान पूरी तरह से आर्थिक तंगी में न डूबे और अपने प्राकृतिक संसाधनों का इस्तेमाल कर सके।
इस फैसले से दुनिया भर के एनर्जी मार्केट ने भी थोड़ी राहत की सांस ली है, क्योंकि तेल सप्लाई पर कोई बड़ा संकट नहीं आएगा और आम लोगों पर महंगाई की मार नहीं पड़ेगी।




