Dubai Authorities ने की पुष्टि, Jebel Ali Port पर गिरा मलबा और लग गई आग, जान-माल का नुकसान नहीं
दुबई के अधिकारियों ने जेबेल अली पोर्ट (Jebel Ali Port) के एक बर्थ पर आग लगने की पुष्टि की है। यह घटना तब हुई जब हवा में ही एक हवाई लक्ष्य को नष्ट किया गया और उसका मलबा नीचे आ गिरा। राहत की बात यह है कि इस हादसे में पोर्ट पर किसी के घायल होने या जान जाने की खबर नहीं है। दुबई सिविल डिफेंस ने तुरंत मौके पर पहुंचकर हालात को संभाल लिया है।
कैसे लगी आग और अब क्या हैं हालात?
दुबई मीडिया ऑफिस के अनुसार, यह आग एक एरियल इंटरसेप्शन (हवाई सुरक्षा कार्रवाई) के दौरान गिरने वाले मलबे के कारण लगी। यह घटना जेबेल अली पोर्ट के एक शिपिंग बर्थ पर हुई जो पाम जुमेराह के दक्षिण में स्थित है। आग की खबर मिलते ही दुबई सिविल डिफेंस की टीमें मौके पर पहुंच गईं और उन्होंने आग पर पूरी तरह काबू पा लिया।
अधिकारियों ने बताया है कि पोर्ट पर लगी इस आग से कोई हताहत नहीं हुआ है। अब टीम वहां कूलिंग का काम कर रही है ताकि सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। यह घटना एक बड़े क्षेत्रीय तनाव का हिस्सा थी, जहां रिपोर्ट्स के मुताबिक करीब 137 मिसाइल और 209 ड्रोन को इंटरसेप्ट किया गया था। पोर्ट का ढांचा सुरक्षित है और व्यापारिक गतिविधियां प्रभावित नहीं हुई हैं।
पुराने वीडियो को लेकर पुलिस की चेतावनी
घटना के बाद सोशल मीडिया पर कई तरह के वीडियो वायरल हो रहे हैं। दुबई पुलिस और मीडिया ऑफिस ने लोगों को सख्त चेतावनी दी है कि 7 जुलाई 2021 का एक पुराना वीडियो शेयर न करें। उस पुराने वीडियो में पोर्ट पर एक बड़ा धमाका दिखाया गया है, जिसका आज की घटना से कोई लेना-देना नहीं है।
प्रशासन ने साफ कहा है कि इस तरह की गलत जानकारी फैलाना भ्रामक है। निवासियों को सलाह दी गई है कि वे केवल आधिकारिक स्रोतों जैसे दुबई मीडिया ऑफिस (DMO) और अमीरात समाचार एजेंसी (WAM) द्वारा जारी जानकारी पर ही भरोसा करें।
शहर के अन्य हिस्सों में भी गिरा मलबा
रिपोर्ट्स के मुताबिक, जेबेल अली पोर्ट के अलावा दुबई के कुछ अन्य इलाकों में भी इंटरसेप्ट किए गए ड्रोन के टुकड़े गिरे हैं। बुर्ज अल अरब (Burj Al Arab) होटल के निचले हिस्से पर मलबा गिरने से मामूली आग लगी थी, जिसमें किसी के घायल होने की खबर नहीं है।
वहीं, पाम जुमेराह (Palm Jumeirah) में एक इमारत पर मलबा गिरने और धमाके के बाद चार लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आई है। सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह से सतर्क हैं और लोगों की सुरक्षा के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।




