Dubai में भारतीय बिजनेसमैन Firoz Merchant ने 497 कैदियों को किया रिहा, रमजान पर दिया बड़ा तोहफा
Dubai में रहने वाले प्रसिद्ध भारतीय बिजनेसमैन और Pure Gold Group के चेयरमैन Firoz Merchant ने एक बार फिर मानवता की मिसाल पेश की है। Ramadan 2026 की शुरुआत के साथ ही उन्होंने संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की जेलों में बंद सैकड़ों कैदियों की रिहाई सुनिश्चित की है। इस पहल के तहत कर्ज में डूबे उन लोगों को दूसरा मौका दिया जा रहा है जो अपने जुर्माने या कर्ज चुकाने में असमर्थ थे और जेल में सजा काट रहे थे।
किन लोगों को मिली मदद और क्या हैं नियम?
Firoz Merchant की संस्था ‘The Forgotten Society’ ने इस बार रमजान के लिए 497 कैदियों की रिहाई पक्की कर दी है। यह प्रक्रिया 18 फरवरी 2026 से शुरू हो चुकी है ताकि कैदी ईद तक अपने घर पहुंच सकें। इस मदद के लिए कुछ कड़े नियम बनाए गए हैं। केवल उन्हीं कैदियों को चुना जाता है जो छोटे अपराधों या कर्ज न चुका पाने के कारण जेल में हैं।
हत्या, रेप या ड्रग्स जैसे गंभीर अपराधों में सजा काट रहे कैदी इस मदद के पात्र नहीं होते हैं। मदद के तौर पर इन कैदियों का पूरा कर्ज और जुर्माना चुकाया जाता है। साथ ही, उन्हें उनके देश वापस जाने के लिए हवाई जहाज का टिकट भी दिया जाता है ताकि वे अपने परिवार के पास सुरक्षित पहुंच सकें।
2008 से अब तक 20,000 लोगों की घर वापसी
Firoz Merchant ने यह मिशन 2008 में शुरू किया था। तब से लेकर अब तक उन्होंने 20,000 से ज्यादा कैदियों को जेल से बाहर निकाल कर उनके परिवारों से मिलवाया है। इस काम में उन्होंने अब तक 2.5 करोड़ दिरहम (AED) से ज्यादा खर्च किए हैं। हर साल वे कैदियों की रिहाई के लिए करीब 10 लाख दिरहम का बजट रखते हैं।
इस नेक काम में उन्हें UAE पुलिस, जेल प्रशासन और Khalifa Bin Zayed Al Nahyan Foundation का पूरा सहयोग मिलता है। इस साल सरकार ने भी रमजान पर 4,300 कैदियों को माफी दी है, जिससे Firoz Merchant की इस मुहिम को और भी ज्यादा बल मिला है। आने वाले हफ्तों में सैकड़ों और कैदियों को रिहा करने की योजना है।




