Global Oil Price: कच्चे तेल की कीमतों में आई भारी गिरावट, 120 से टूटकर 89 डॉलर पर पहुंचा भाव
10 मार्च 2026 को ग्लोबल मार्केट में कच्चे तेल (Brent Crude) की कीमतों में 9 प्रतिशत से ज्यादा की भारी गिरावट दर्ज की गई है। रॉयटर्स और SaudiNews50 की रिपोर्ट के अनुसार एक बैरल की कीमत अब 89.58 डॉलर पर आ गई है। मिडिल ईस्ट में चल रहे तनाव के कारण पिछले कुछ समय से यह भाव 120 डॉलर (119.50) के करीब पहुंच गया था। अब लंबे समय बाद कच्चे तेल का भाव 90 डॉलर के नीचे आया है जिससे आम लोगों और बाजार को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
अचानक क्यों गिरे कच्चे तेल के दाम?
इस भारी गिरावट के पीछे अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का एक बड़ा बयान है। उन्होंने कहा है कि ईरान के साथ चल रहे तनाव में सैन्य लक्ष्य समय से पहले पूरे हो रहे हैं और युद्ध लगभग समाप्ति की ओर है। ट्रंप ने यह भी ऐलान किया है कि कुछ तेल प्रतिबंधों में अब छूट दी जाएगी। इसके अलावा अमेरिकी नेवी (US Navy) को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में तेल के टैंकरों को सुरक्षा देने का आदेश दिया गया है ताकि ग्लोबल सप्लाई चेन प्रभावित न हो और बाजार में तेल की कमी न आए।
G7 देशों और जानकारों की राय
बाजार में आई इस गिरावट और भविष्य की स्थिति को लेकर कई अहम बयान सामने आए हैं।
- G7 का बयान: G7 देशों के वित्त मंत्रियों ने स्पष्ट किया है कि अगर जरूरत पड़ी तो वे अपने रणनीतिक रिजर्व (Strategic Reserves) से तेल जारी करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं ताकि किसी भी तरह के संकट से बचा जा सके।
- मार्केट एक्सपर्ट: रिसर्च स्ट्रेटजिस्ट अहमद असीरी के मुताबिक बाजार की सोच अब बदल रही है। लोग अब सप्लाई रुकने के डर से बाहर आ रहे हैं और बाजार सामान्य होने की तरफ बढ़ रहा है।
- सप्लाई की स्थिति: इससे पहले कुवैत और बहरीन की कंपनियों ने सप्लाई को लेकर चिंता (Force Majeure) जाहिर की थी लेकिन अब हालात सुधरने के संकेत मिल रहे हैं। सऊदी अरब और OPEC+ सदस्य भी बाजार पर नजर बनाए हुए हैं।




