ईरान और अफगानिस्तान ने अपने बीच व्यापार और स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए हाथ मिलाया है। दोनों देशों के अधिकारियों ने 12 मई 2026 को एक अहम बैठक की जिसमें बॉर्डर पर नया बाजार खोलने और मेडिकल टूरिज्म को बढ़ाने पर सहमति बनी। इस फैसले से सीमा पर रहने वाले आम लोगों और इलाज के लिए आने वाले मरीजों को बड़ी राहत मिलेगी।
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बॉर्डर मार्केट और व्यापार से क्या फायदा होगा?
ईरान के दक्षिण खुरासान प्रांत के बिरजंद में हुई इस बैठक में ईरान के हेरात काउंसल जनरल Alireza Marhamati और अफगानिस्तान के फराह प्रांत के अधिकारी शामिल हुए। बैठक में तय हुआ कि बॉर्डर पर एक साझा बाजार बनाया जाएगा जिससे स्थानीय लोगों को व्यापार करने में आसानी होगी और स्थानीय अर्थव्यवस्था मजबूत होगी। Birjand Chamber of Commerce के मुताबिक, Mahirud बॉर्डर क्रॉसिंग के जरिए दोनों देशों के बीच व्यापार 2.5 बिलियन डॉलर से ज्यादा हो चुका है।
इलाज के लिए वीज़ा और मेडिकल टूरिज्म के नए नियम
अफगानिस्तान के नागरिकों के लिए ईरान में इलाज कराना अब और आसान होगा। दोनों देश मेडिकल वीज़ा की प्रक्रिया को सरल बनाने की योजना पर काम कर रहे हैं। इससे पहले दिसंबर 2025 में अफगानिस्तान के स्वास्थ्य मंत्रालय और ईरान के स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख Pirmehdi Salehi के बीच दवाइयों और स्वास्थ्य उत्पादों के आयात को लेकर समझौता हुआ था। ईरान ने साफ किया है कि इस नीति का मकसद सिर्फ कमाई करना नहीं बल्कि अफगानी मरीजों को बेहतर इलाज मुहैया कराना है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
ईरान और अफगानिस्तान के बीच व्यापार की स्थिति क्या है?
Mahirud बॉर्डर क्रॉसिंग के माध्यम से दोनों देशों के बीच व्यापार 2.5 बिलियन डॉलर से अधिक हो गया है और इसे और बढ़ाने की योजना है।
अफगानी मरीजों के लिए क्या नई सुविधा शुरू हो रही है?
ईरान और अफगानिस्तान मेडिकल टूरिज्म को बढ़ावा दे रहे हैं जिससे अफगानी नागरिकों के लिए मेडिकल वीज़ा प्रक्रिया आसान होगी और उन्हें इलाज में मदद मिलेगी।
