ईरान के दक्षिण में स्थित बंदर अब्बास के हक्कानी कमर्शियल पोर्ट पर 31 मार्च 2026 को बड़ा हमला हुआ है। ईरान के होर्मोज़गन प्रांत के एक अधिकारी ने इस हमले की जानकारी साझा की और बताया कि बाहरी दुश्मनों ने बंदरगाह को निशाना बनाया है। इस हमले के दौरान बंदर अब्बास में कई धमाकों की आवाज सुनी गई और पोर्ट के साथ-साथ संचार टावर को भी नुकसान पहुंचा है।
बंदर अब्बास पोर्ट पर हुए हमले की मुख्य बातें
ईरान के इस व्यापारिक बंदरगाह पर हुए हमले के बाद स्थिति काफी तनावपूर्ण बनी हुई है। सरकारी मीडिया और अधिकारियों द्वारा दी गई जानकारी इस प्रकार है:
- 31 मार्च 2026 को बंदर अब्बास के हक्कानी कमर्शियल पोर्ट पर हमला हुआ।
- ईरानी मीडिया ने बंदर अब्बास में एक संचार टावर और सैन्य ठिकानों पर हमले की खबर दी है।
- अधिकारियों ने इस हमले के लिए अमेरिकी और ज़ायोनी ताकतों को जिम्मेदार बताया है।
- दक्षिण-पश्चिमी ईरान में भी कई सैन्य ठिकानों पर एक साथ हमले किए जाने की सूचना मिली है।
- हमले के बाद इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
ईरान में पिछले कुछ दिनों में हुई अन्य घटनाएं
ईरान के विभिन्न हिस्सों में पिछले कुछ दिनों से लगातार हमले की खबरें आ रही हैं। इससे पहले भी कई बार बंदरगाहों और महत्वपूर्ण जगहों को निशाना बनाया जा चुका है। इन घटनाओं का विवरण नीचे दी गई टेबल में देख सकते हैं:
| तारीख | स्थान | घटना का विवरण |
|---|---|---|
| 30 मार्च 2026 | बंदर अब्बास एयरपोर्ट | फ्यूल डिपो को निशाना बनाकर हमला किया गया। |
| 29 मार्च 2026 | बंदर अब्बास पोर्ट | बंदरगाह पर छापे मारे गए जिसमें 5 लोगों की मौत और 4 घायल हुए। |
| 18 मार्च 2026 | बंदर-ए अंजली पोर्ट | इजरायली और अमेरिकी बमबारी के तहत पोर्ट पर स्ट्राइक हुई। |
| 11 मार्च 2026 | हॉर्मुज जलडमरूमध्य | अमेरिकी कमांड ने नागरिकों को ईरानी बंदरगाहों से दूर रहने की चेतावनी दी थी। |
रूस ने भी ईरान में बढ़ रहे इन हमलों पर अपनी चिंता जताई है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने पहले ही यह आरोप लगाया था कि ईरानी नौसेना इन व्यापारिक बंदरगाहों का इस्तेमाल सैन्य अभियानों के लिए कर रही है, इसलिए आम लोग इन जगहों से दूर रहें।
