Iran FM Statement: ईरान ने कहा पड़ोसी देशों पर नहीं करेंगे हमला, अमेरिकी ठिकानों को बताया अपना निशाना
ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने हाल ही में क्षेत्र में बढ़ रहे तनाव के बीच एक महत्वपूर्ण बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि ईरान की सैन्य कार्रवाई केवल अपनी सुरक्षा के लिए है और इसका मकसद किसी भी पड़ोसी देश को नुकसान पहुंचाना नहीं है। यह बयान ऐसे समय में आया है जब खाड़ी क्षेत्र में सुरक्षा को लेकर काफी चिंताएं बनी हुई हैं। खाड़ी देशों में रहने वाले लाखों भारतीय प्रवासियों के लिए यह खबर काफी मायने रखती है क्योंकि वहां की स्थिरता उनके काम और सुरक्षा से जुड़ी है।
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ईरान के विदेश मंत्री ने सुरक्षा को लेकर क्या स्पष्टीकरण दिया है?
विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने कहा कि ईरान की कार्रवाई पूरी तरह से रक्षात्मक है और वे केवल अपनी सीमा की सुरक्षा सुनिश्चित करना चाहते हैं। उनके बयान की मुख्य बातें नीचे दी गई हैं:
- ईरान का लक्ष्य पड़ोसी देश नहीं बल्कि वे स्थान हैं जहां से उन पर अमेरिकी हमले किए जा रहे हैं।
- सैन्य कार्रवाई का मकसद केवल बाहरी हमलों से बचाव करना है।
- पड़ोसी देशों के साथ किसी भी सीधे टकराव की मंशा नहीं है।
- ईरान अपनी संप्रभुता की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।
खाड़ी में रहने वाले भारतीय प्रवासियों पर इस स्थिति का क्या असर होगा?
सऊदी अरब, यूएई और कतर जैसे देशों में रहने वाले भारतीयों के लिए क्षेत्र की शांति बहुत ज़रूरी है। जब भी ईरान और अमेरिका के बीच तनाव की स्थिति बनती है, तो इसका असर एयरलाइंस और तेल की कीमतों पर पड़ता है। हालांकि ईरान ने पड़ोसी देशों को निशाना न बनाने की बात कही है, फिर भी युद्ध जैसी स्थिति से सप्लाई चेन और फ्लाइट रूट्स प्रभावित हो सकते हैं। खाड़ी में काम करने वाले भारतीयों को सलाह दी जाती है कि वे अंतरराष्ट्रीय समाचारों और अपनी एम्बेसी के अपडेट्स पर नियमित नज़र बनाए रखें ताकि यात्रा के दौरान कोई परेशानी न हो।




