Iran Gulf Strikes: कतर और दुबई में ईरान के हमलों से दहशत, 11 प्रवासियों की गई जान, सरकार ने जारी किया अलर्ट
गल्फ देशों में रहने वाले प्रवासियों और आम नागरिकों के लिए हालात इस समय बेहद संवेदनशील बने हुए हैं। Human Rights Watch (HRW) की 17 मार्च 2026 की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, गल्फ क्षेत्र में ईरान द्वारा किए जा रहे मिसाइल और ड्रोन हमलों से आम लोगों की जान खतरे में आ गई है। Doha News ने अपनी रिपोर्ट में बताया है कि ईरान इन हमलों को अमेरिका के सैन्य ठिकानों पर बता रहा है, लेकिन असल में इसका भारी नुकसान रिहायशी इलाकों और आम इमारतों को पहुंच रहा है।
कतर और UAE में क्या है ताज़ा स्थिति?
इन हमलों का सबसे ज्यादा असर कतर, बहरीन और UAE में देखने को मिला है। कतर के गृह मंत्रालय ने लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए Musheireb और Al-Gharafa में अमेरिकी दूतावास के पास वाले इलाकों को एहतियात के तौर पर खाली कराया है। इसके अलावा कतर के रक्षा मंत्रालय ने दोहा के डाउनटाउन इलाके के ऊपर दो प्रोजेक्टाइल को हवा में ही रोकने की पुष्टि की है।
वहीं दूसरी तरफ दुबई के Creek Harbour इलाके में 12 मार्च को एक रिहायशी बिल्डिंग पर ड्रोन से हमला होने की खबर आई है। HRW ने इस घटना के विजुअल सबूत भी वेरिफाई किए हैं। लगातार हो रहे इन हमलों से लोगों में डर का माहौल है।
हमलों में कितने प्रवासियों का हुआ नुकसान?
भारत और अन्य देशों से गल्फ में काम करने गए प्रवासियों पर इस तनाव का सीधा असर पड़ा है। HRW की रिपोर्ट के मुताबिक अभी तक जान-माल का काफी नुकसान हुआ है:
- अब तक 11 आम लोगों की मौत हुई है, जिनमें 10 विदेशी नागरिक या प्रवासी मजदूर हैं।
- इन हमलों में करीब 268 लोग घायल हुए हैं।
- कई रिहायशी इमारतों, होटलों, आम लोगों के एयरपोर्ट, दूतावासों और बंदरगाहों को भी नुकसान पहुंचा है।
गल्फ में रहने वाले सभी नागरिकों और प्रवासियों को प्रशासन ने घरों के अंदर रहने और बिना किसी बहुत जरूरी काम के बाहर न निकलने की सलाह दी है। इसके अलावा आपातकालीन स्थिति में अंडरग्राउंड कार पार्किंग का इस्तेमाल शेल्टर के रूप में करने को कहा गया है।
ईरान और मानवाधिकार संस्था का क्या कहना है?
HRW के सीनियर रिसर्चर Joey Shea का कहना है कि ईरान के हमले गल्फ में आम लोगों की जिंदगी और उनके रोजगार को तबाह कर रहे हैं। हालांकि ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmail Baghaei ने बयान दिया है कि उनका गल्फ के पड़ोसी देशों से कोई विवाद नहीं है और उनके निशाने पर सिर्फ अमेरिकी ठिकाने हैं।
ईरान ने दोहा के कुछ खास इलाकों जैसे Ain Khaled, Lusail और Al Waab में रहने वाले आम लोगों को वहां से तुरंत हटने की चेतावनी दी है। उनका दावा है कि इन रिहायशी इलाकों में अमेरिकी सैन्य कर्मी मौजूद हैं। कतर और UAE में प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है और लोगों को हर अलर्ट को गंभीरता से लेने को कहा गया है।




