Iran-Israel Conflict Update: ईरान का इजरायल पर बड़ा मिसाइल हमला, सऊदी और कुवैत में भी ड्रोन अटैक के बाद तनाव बढ़ा
27 मार्च 2026 को ईरान की तरफ से इजरायल पर भारी मिसाइल हमला किया गया है जिसके बाद Tel Aviv सहित कई शहरों में धमाकों की तेज आवाज सुनी गई। इजरायली सेना (IDF) ने बताया कि उनके एयर डिफेंस सिस्टम ने कई मिसाइलों को हवा में ही रोक दिया लेकिन इसके मलबे गिरने से कई लोग घायल हुए हैं। इस हमले के बाद पूरे इजरायल, यरूशलेम और उत्तरी इलाकों में सायरन बजने लगे और लोग डर के बीच सुरक्षित जगहों की ओर भागने लगे।
🗞️: ईरान की मिसाइल ताकत पर बड़ा दावा, इज़रायली मीडिया और अमेरिकी आंकड़ों में अलग-अलग बातें सामने आईं।
इजरायल में हुए इस हमले से कितना नुकसान हुआ?
मिसाइलों के मलबे गिरने से मध्य और उत्तरी इजरायल में कुल सात लोग घायल हुए हैं जिनमें से एक व्यक्ति Tel Aviv का रहने वाला है। हमलों के कारण Tel Aviv इलाके में एक रिहायशी इमारत को भी काफी नुकसान पहुंचा है। इजरायली सेना ने जवाब में ईरान की राजधानी तेहरान में उन जगहों को निशाना बनाया है जहां मिसाइल और डिफेंस सिस्टम बनाए जाते हैं। इजरायल के विपक्षी नेता Yair Lapid ने सरकार पर सुरक्षा में फेल होने का आरोप लगाया है और कहा है कि देश में सैनिकों की भारी कमी हो गई है।
खाड़ी देशों और व्यापार पर इस युद्ध का क्या असर होगा?
- ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने Kuwait, Saudi Arabia और Bahrain में अमेरिका से जुड़े ठिकानों पर नए ड्रोन हमले किए हैं।
- ईरान ने Strait of Hormuz को बंद कर दिया है जिससे अमेरिका और इजरायल के साथियों के लिए जहाजों का आना-जाना बंद हो गया है।
- सऊदी अरब की तरफ से अमेरिका पर दबाव बनाया जा रहा है कि वह ईरान पर हमले जारी रखे।
- अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने फिलहाल ईरान के एनर्जी प्लांट पर होने वाले हमलों को 6 अप्रैल तक के लिए टाल दिया है।
- इजरायल ने दक्षिण लेबनान के लोगों को ज़हरानी नदी (Zahrani River) के दक्षिण वाले इलाके खाली करने की चेतावनी दी है।
प्रवासियों और आम लोगों के लिए क्या है बड़ी चिंता?
Strait of Hormuz बंद होने और खाड़ी देशों में ड्रोन हमलों से सप्लाई चेन पर बड़ा असर पड़ सकता है जिससे दैनिक जरूरतों का सामान महंगा होने की आशंका है। खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीयों और अन्य प्रवासियों के लिए सुरक्षा की स्थिति गंभीर हो गई है क्योंकि युद्ध अब कई देशों तक फैल रहा है। इजरायल को अब दक्षिणी लेबनान में Hezbollah के खिलाफ ‘बफर ज़ोन’ बनाने के लिए और अधिक सैनिकों की जरूरत महसूस हो रही है जिससे यह साफ है कि युद्ध आने वाले दिनों में और बढ़ सकता है।




