ईरान का इज़राइल और अमेरिकी ठिकानों पर बड़ा हमला, कई शहरों में धमाकों की खबर
ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने इज़राइल और इस क्षेत्र में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर नए हमले किए हैं। ‘ऑपरेशन ट्रू प्रॉमिस 4’ के तहत ईरान ने मिसाइलों और ड्रोन के साथ इज़राइल के कई हिस्सों को निशाना बनाया है। ईरानी मीडिया के अनुसार, इन हमलों में सऊदी अरब और यूएई में मौजूद अमेरिकी बेस पर भी निशाना साधा गया है। खाड़ी क्षेत्र में रहने वाले प्रवासियों और स्थानीय लोगों के लिए यह खबर सुरक्षा के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण है।
ईरान ने किन ठिकानों को बनाया निशाना?
ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने इज़राइल के अश्कलोन, तेल अवीव और हाइफा जैसे मुख्य शहरों पर हमले किए हैं। इसके साथ ही, खाड़ी देशों में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर भी बैलिस्टिक मिसाइलें दागी गई हैं। इन ठिकानों में सऊदी अरब का प्रिंस सुल्तान एयर बेस और यूएई का अल धफरा बेस शामिल है। ईरान का कहना है कि यह उनकी सैन्य कार्रवाई की अगली कड़ी है। इन हमलों के दौरान ड्रोन और अलग-अलग क्षमता वाली मिसाइलों का बड़े पैमाने पर इस्तेमाल किया गया है।
मिसाइलों का उपयोग और सुरक्षा को लेकर चेतावनी
इस सैन्य कार्रवाई में ईरान ने कियाम, ज़ुल्फ़िकार और खैबर शिकन जैसी लंबी दूरी की मिसाइलों का उपयोग किया है। IRGC ने चेतावनी दी है कि अमेरिकी और इज़राइली बल उनकी निगरानी में हैं और कोई भी सुरक्षित नहीं है। इन हमलों का मकसद उन दावों को गलत साबित करना है जिनमें ईरान की सैन्य शक्ति कम होने की बात कही गई थी। इज़राइल के कई हिस्सों में विस्फोटों की आवाज सुनी गई है। इस तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए खाड़ी देशों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी जाती है।




