Gulf देशों में तनाव, Iran ने अमेरिकी ठिकानों पर दागी मिसाइलें, फ्लाइट्स पर पड़ा असर
खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों और स्थानीय लोगों के लिए सुरक्षा से जुड़ी अहम खबर है। 28 फरवरी 2026 को ईरान की तरफ से कतर, कुवैत, UAE और बहरीन में स्थित अमेरिकी सैन्य अड्डों पर मिसाइल हमले किए गए हैं। इन हमलों के कारण पूरे क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और हवाई यात्रा पर भी गहरा असर पड़ा है। यह कार्रवाई अमेरिका और इजरायल द्वारा किए गए हमलों के जवाब में की गई है।
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कहाँ-कहाँ हुए हमले?
रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान की IRGC ने खाड़ी के चार प्रमुख देशों में मौजूद अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया है। एयर डिफेंस सिस्टम ने कई मिसाइलों को हवा में ही रोक दिया, लेकिन कुछ जगहों पर नुकसान की खबरें भी आई हैं। इन हमलों का केंद्र निम्नलिखित जगहें थीं:
- कतर: अल उदीद एयर बेस (Al Udeid Air Base), जो क्षेत्र में अमेरिका का सबसे बड़ा ठिकाना है।
- कुवैत: अली अल सलेम एयर बेस (Ali Al Salem Air Base)।
- UAE: अल धफरा एयर बेस (Al Dhafra Air Base)।
- बहरीन: मनामा स्थित यूएस नेवी का फिफ्थ फ्लीट मुख्यालय।
हवाई यात्रा और सुरक्षा पर असर
इस तनाव के कारण हवाई यात्रा करने वाले यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सुरक्षा को देखते हुए UAE और इराक जैसे देशों ने अपने एयरस्पेस को अस्थाई रूप से बंद कर दिया था। दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट (DXB) पर कई फ्लाइट्स में भारी देरी हुई है और कुछ उड़ानें रद्द भी हुई हैं। अगर आप इन देशों से भारत या कहीं और यात्रा करने वाले हैं, तो अपनी फ्लाइट का स्टेटस जरूर चेक करें। आबू धाबी में मिसाइल के मलबे से एक नागरिक की जान जाने की दुखद खबर है, जबकि अमेरिकी दूतावास ने कतर और बहरीन में अपने नागरिकों को सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है।
सरकारों ने क्या जानकारी दी?
बहरीन के नेशनल कम्युनिकेशन सेंटर ने पुष्टि की है कि उनके यहां मौजूद अमेरिकी नेवी के सर्विस सेंटर पर हमला हुआ है। वहीं, सऊदी अरब ने अपने पड़ोसी देशों पर हुए इस हमले की कड़ी निंदा की है और इसे ‘ईरानी आक्रामकता’ बताया है। अमेरिका की तरफ से राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान के खिलाफ बड़ी सैन्य कार्रवाई की घोषणा की है। जो भारतीय इन देशों में रहते हैं, उन्हें सलाह दी जाती है कि वे आधिकारिक सरकारी सूचनाओं पर ही भरोसा करें और अफवाहों से बचें।




