ईरान के राष्ट्रपति का बड़ा बयान: पड़ोसी मुस्लिम देश हमारे भाई, इजरायल को बताया सबका दुश्मन
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने 21 मार्च 2026 को ईद-उल-फितर के मौके पर पड़ोसी और इस्लामिक देशों के लिए भाईचारे का संदेश दिया है। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि ईरान किसी भी देश के साथ दुश्मनी या विवाद नहीं चाहता है। राष्ट्रपति ने जोर देकर कहा कि मुस्लिम देशों के बीच होने वाले आपसी झगड़ों का सीधा फायदा सिर्फ इजरायल को मिलता है।
ईरान के राष्ट्रपति ने संदेश में क्या बड़ी बातें कहीं?
राष्ट्रपति पेज़ेशकियन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X और सरकारी न्यूज़ एजेंसी IRNA के जरिए अपनी बात रखी। उन्होंने बताया कि ईरान अपने सभी पड़ोसी देशों को अपना भाई मानता है। उनके संदेश के मुख्य बिंदु नीचे दिए गए हैं:
- ईरान किसी भी देश के आंतरिक मामलों में दखल देने का इरादा नहीं रखता है।
- क्षेत्र में शांति और एकता के लिए ‘इस्लामिक असेंबली ऑफ द मिडिल ईस्ट’ बनाने का सुझाव दिया गया।
- ईरान ने साफ किया कि वह परमाणु हथियारों के खिलाफ है और इन्हें धार्मिक तौर पर वर्जित मानता है।
- विदेशी सैन्य ताकतों की जगह मुस्लिम देशों के खुद के सुरक्षा ढांचे पर जोर दिया गया।
प्रधानमंत्री मोदी और पेज़ेशकियन के बीच हुई फोन पर बातचीत
इसी मौके पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रपति पेज़ेशकियन को फोन कर ईद और नवरोज़ की बधाई दी। बातचीत के दौरान दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय सुरक्षा और व्यापारिक रास्तों की सुरक्षा पर चर्चा की। पीएम मोदी ने समुद्री जहाजों की सुरक्षा और इंफ्रास्ट्रक्चर पर होने वाले हमलों को लेकर चिंता जताई। इस बातचीत का मकसद दोनों देशों के बीच संबंधों को और मजबूत करना और क्षेत्र में स्थिरता लाना था।
ईरान की वर्तमान स्थिति और अन्य खबरें
एक तरफ राष्ट्रपति एकता और भाईचारे की बात कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ कुछ रिपोर्टों में बताया गया है कि क्षेत्र में तनाव बना हुआ है। ईरान ने साफ किया है कि वह मिडिल ईस्ट में किसी भी तरह की अशांति नहीं चाहता। राष्ट्रपति ने पैगंबर मोहम्मद की शिक्षाओं पर चलते हुए सभी मुस्लिम देशों से एकजुट होने की अपील की है ताकि बाहरी ताकतों का असर कम किया जा सके और आपसी सहयोग बढ़ाया जा सके।




