ईरान ने 27 अमेरिकी ठिकानों पर किया हमला, कुवैत और दुबई समेत कई देशों में उड़ानें रद्द
ईरान और अमेरिका के बीच तनाव अब खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। 1 मार्च 2026 को ईरान ने बदला लेने के लिए अमेरिका के 27 सैन्य ठिकानों और इजरायली साइटों पर मिसाइल और ड्रोन से हमला कर दिया है। यह हमला ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की मौत के बाद किया गया है। इसका सीधा असर खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीयों और आम लोगों पर पड़ा है, क्योंकि कई देशों ने अपना एयरस्पेस बंद कर दिया है और उड़ानें रोक दी गई हैं।
🗞️: Donald Trump की ईरान को खुली चेतावनी, कुवैत ने रद्द की सभी फ्लाइट्स, खाड़ी देशों में तनाव बढ़ा।
कुवैत और UAE में हवाई सफर पर क्या असर पड़ा है?
इस हमले के कारण पूरे मिडिल ईस्ट में हवाई यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है। रिपोर्ट के मुताबिक, कुवैत, यूएई, कतर, जॉर्डन और बहरीन ने अपने आसमान को उड़ानों के लिए पूरी तरह या आंशिक रूप से बंद कर दिया है। अगर आप भारत जाने की योजना बना रहे थे, तो आपको अपनी फ्लाइट का स्टेटस चेक कर लेना चाहिए।
- उड़ानें रद्द: एमिरेट्स, एतिहाद और कुवैत एयरवेज जैसी बड़ी एयरलाइंस ने अपनी सभी उड़ानें अगले आदेश तक रद्द कर दी हैं।
- एयरपोर्ट अपडेट: दुबई, कुवैत और अबू धाबी एयरपोर्ट पर कामकाज ठप हो गया है और करीब 700 से ज्यादा उड़ानें कैंसिल हुई हैं।
- सुरक्षा सलाह: जॉर्डन में अमेरिकी दूतावास और अन्य स्थानीय अधिकारियों ने लोगों को घर के अंदर सुरक्षित रहने की सलाह दी है।
सोना और तेल की कीमतों में आया भारी उछाल
युद्ध जैसे हालात बनते ही शेयर बाजार और कमोडिटी मार्केट में हलचल तेज हो गई है। निवेशकों ने सुरक्षित निवेश के तौर पर सोने की खरीदारी शुरू कर दी है, जिससे सोने का भाव अंतरराष्ट्रीय बाजार में करीब 5,500 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच गया है। इसका असर भारत में सोने के जेवर खरीदने वालों पर भी पड़ेगा।
इसके अलावा, कच्चा तेल (Brent Crude) 100 डॉलर प्रति बैरल के स्तर को छूने की कगार पर है। होर्मुज जलडमरूमध्य में तनाव के कारण तेल की सप्लाई में रुकावट आ सकती है, जिससे पेट्रोल और डीजल महंगा होने की आशंका बढ़ गई है। ईरान की करेंसी रियाल भी डॉलर के मुकाबले अपने सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई है।
हमले में किन जगहों को बनाया गया निशाना?
ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने इस हमले को ‘छठा वेव’ बताया है। उन्होंने पुष्टि की है कि कुवैत में अल-सालमीया बेस, कतर में अल-उदीद बेस और यूएई में अल-धाफरा एयरबेस को निशाना बनाया गया है। दूसरी तरफ, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने खामेनेई की मौत की पुष्टि की है और इजरायल ने अपने ऑपरेशन को ‘Lion’s Roar’ नाम दिया है। ईरान में 40 दिनों के राजकीय शोक और 7 दिनों तक दफ्तरों को बंद रखने का ऐलान किया गया है।




