ईरान के मुख्य युद्ध कमांड सेंटर Khatam al-Anbiya ने बाहरी ताकतों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि देश पर हमला करने वाले किसी भी हमलावर के पैर काट दिए जाएंगे। प्रवक्ता Ebrahim Zolfaghari ने 31 मार्च 2026 को साफ़ किया कि ईरान की सेना अब अपनी सुरक्षा के लिए पूरी तरह तैयार है। यह बयान ऐसे समय में आया है जब ईरान और उसके पड़ोसी देशों के बीच तनाव चरम पर है। ईरान ने स्पष्ट कर दिया है कि वह अब अपनी रक्षात्मक रणनीति को बदलकर आक्रामक बनाने की दिशा में काम कर रहा है।

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ईरान की सैन्य चेतावनी में क्या खास है?

ईरान के अधिकारियों ने हाल के दिनों में कई कड़े बयान दिए हैं जिनसे क्षेत्र की स्थिति का पता चलता है। सेना के प्रवक्ता Zolfaghari ने अमेरिका के बातचीत के दावों को पूरी तरह खारिज कर दिया है। उन्होंने कहा कि दुश्मन की रणनीतिक ताकत अब खत्म हो चुकी है और ईरान किसी भी ऐसी शर्त को नहीं मानेगा जो उसके हित में न हो।

  • आक्रामक नीति: Major General Abdollahi ने कहा है कि सेना अब बचाव के बजाय सीधा हमला करने की नीति पर काम कर रही है।
  • नए हथियार: ईरान ने ऐसे आधुनिक हथियार तैनात किए हैं जो दुश्मन की गणना को पूरी तरह फेल कर सकते हैं।
  • हॉर्मुज जलडमरूमध्य: ईरानी संसद ने Strait of Hormuz से गुजरने वाले जहाजों पर टोल टैक्स लगाने की योजना को मंजूरी दी है।

खाड़ी देशों और पड़ोसियों के लिए ईरान का क्या संदेश है?

ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने सऊदी अरब और अन्य पड़ोसी देशों से अपील की है कि वे अपनी जमीन का इस्तेमाल ईरान के खिलाफ न होने दें। उन्होंने साफ किया है कि ईरान के सैन्य ऑपरेशन केवल उन हमलावरों के खिलाफ हैं जो क्षेत्र की शांति भंग करना चाहते हैं।

देश या संस्था ईरान की मुख्य मांग या चेतावनी
Saudi Arabia अपनी धरती से अमेरिकी सेना को बाहर करें
UAE, Qatar, Kuwait अपनी जमीन का इस्तेमाल हमले के लिए न होने दें
United States ईरान की सीमाओं और तेल संसाधनों से दूर रहें

ईरान ने यह भी चेतावनी दी है कि अगर किसी भी क्षेत्रीय देश ने अमेरिका या इजरायल को हमले के लिए जगह दी, तो उन्हें भी ईरान के गुस्से का सामना करना पड़ेगा। विदेश मंत्रालय ने साफ़ किया है कि जब तक बाहरी ताकतें ईरान की भूमिका को स्वीकार नहीं करतीं, तब तक क्षेत्र में शांति और पुराने तेल के दाम वापस नहीं लौटेंगे।