ईरान और अमेरिका के बीच युद्ध की वजह से पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था पर भारी दबाव पड़ा है। खाड़ी देशों से ऊर्जा निर्यात रुकने से वहां LNG की कीमतें बहुत बढ़ गई हैं। इसके कारण बिजली के दाम आसमान छू रहे हैं और पावर कट की समस्या गंभीर हो गई है। आम परिवारों के लिए अब महंगाई के बीच गुजारा करना मुश्किल होता जा रहा है।

ℹ️: Strait of Hormuz Update: जहाजों पर हमला अब और नहीं, भारत ने UN में दी कड़ी चेतावनी, खतरे में हैं भारतीय नाविक

पाकिस्तान में बिजली कटौती और बढ़ते दाम का क्या हाल है?

पाकिस्तान के पावर डिवीजन ने बिजली बचाने के लिए एक नई रणनीति अपनाई है। इसके तहत देश के ज्यादातर हिस्सों में शाम 5 बजे से रात 1 बजे तक रोजाना करीब 2.25 घंटे की बिजली कटौती की जाएगी। सरकार का कहना है कि इससे महंगे ईंधन पर निर्भरता कम होगी और बिजली के टैरिफ में होने वाली भारी बढ़ोतरी को रोका जा सकेगा।

प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने बताया कि इस युद्ध की वजह से पाकिस्तान का तेल आयात बिल 300 मिलियन डॉलर से बढ़कर 800 मिलियन डॉलर हो गया है। वहीं, वित्त मंत्री मुहम्मद औरंगजेब ने संसद को जानकारी दी कि सरकार ने पेट्रोलियम सब्सिडी के तौर पर 129 अरब रुपये खर्च किए हैं।

खर्च घटाने के लिए सरकार ने कौन से कड़े नियम लागू किए?

बढ़ते आर्थिक संकट से निपटने के लिए सरकार ने देश भर में सख्ती से मितव्ययिता (Austerity) प्लान लागू किया है। इस प्लान के तहत सरकारी खर्चों में भारी कटौती की गई है। सरकारी गाड़ियों के लिए ईंधन का कोटा 50 प्रतिशत कम कर दिया गया है और 60 प्रतिशत आधिकारिक गाड़ियों को चलाने से रोक दिया गया है।

इसके अलावा, कैबिनेट सदस्यों ने अपनी सैलरी छोड़ दी है और सांसदों की तनख्वाह में 25 प्रतिशत की कटौती की गई है। सरकारी विभागों में गैर-वेतन खर्चों को 20 प्रतिशत कम किया गया है और कर्मचारियों के लिए चार दिन का वर्किंग वीक और रिमोट वर्क का रास्ता अपनाया गया है।

आर्थिक दबाव और ऊर्जा संकट से जुड़ी मुख्य जानकारियां नीचे दी गई तालिका में हैं:

विवरण डेटा/जानकारी
तेल आयात बिल (बढ़ोतरी) 300 मिलियन डॉलर से 800 मिलियन डॉलर
पेट्रोलियम सब्सिडी 129 अरब रुपये
सरकारी गाड़ियों का ईंधन कोटा 50% कम
बंद की गई सरकारी गाड़ियाँ 60%
सांसदों की सैलरी में कटौती 25%
पीक ऑवर्स में बिजली कटौती 2.25 घंटे प्रतिदिन

पाकिस्तान ने अपनी ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए कतर के साथ संपर्क साधा है और हाल ही में कतर से LNG का एक जहाज कराची पहुंचा है। साथ ही, खाड़ी से तेल और गैस की शिपमेंट को आसान बनाने के लिए ईरान के साथ भी कुछ समझौते किए गए हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

पाकिस्तान में अचानक बिजली कटौती क्यों बढ़ गई है?

ईरान युद्ध की वजह से खाड़ी देशों से LNG की सप्लाई बाधित हुई है। ईंधन की कमी और बढ़ती कीमतों के कारण सरकार ने पीक ऑवर्स (शाम 5 से रात 1 बजे) के दौरान 2.25 घंटे की कटौती शुरू की है।

पाकिस्तान सरकार ने खर्च कम करने के लिए क्या कदम उठाए हैं?

सरकार ने 50% ईंधन कोटा कम किया, 60% सरकारी गाड़ियाँ बंद कीं और सांसदों की सैलरी में 25% की कटौती की है ताकि आर्थिक दबाव को कम किया जा सके।