Tehran Airstrike: इजरायल ने तेहरान पर किया हवाई हमला, मलबे में दबे लोगों को बचाने में जुटी रेड क्रीसेंट टीम
ईरान की राजधानी तेहरान में शनिवार की सुबह इजरायली सेना ने ताबड़तोड़ हवाई हमले किए हैं। इन हमलों के बाद तेहरान के कई इलाकों में भारी नुकसान की खबरें हैं और ईरान की Red Crescent Society ने बचाव अभियान शुरू कर दिया है। बताया जा रहा है कि यह हमला उस समय हुआ जब लोग ईरानी नए साल नौरोज का जश्न मना रहे थे। प्रेस टीवी के अनुसार राहत दल मलबे में दबे लोगों की तलाश कर रहे हैं।
तेहरान में किन जगहों को बनाया गया निशाना?
इजरायली सेना ने शनिवार 21 मार्च 2026 की सुबह तेहरान के कई ठिकानों पर हमला करने की पुष्टि की है। तेहरान के एकतबान और आजादी टावर के पास धमाकों की आवाजें सुनी गई हैं। खबरों के मुताबिक एक रिहायशी इमारत पर भी मिसाइल गिरी है जिसके बाद रेड क्रीसेंट के कार्यकर्ता सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटे हैं। बचाव दल के अधिकारी नव्वाब शम्सपुर ने बताया कि टीमें बहुत सावधानी से काम कर रही हैं ताकि दोबारा होने वाले हमलों से बचा जा सके।
ईरान की चेतावनी और खाड़ी देशों पर इसका असर
ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अरागची ने स्पष्ट किया है कि ईरान ने Strait of Hormuz को पूरी तरह बंद नहीं किया है लेकिन हमलावर देशों के जहाजों पर पाबंदियां लगाई गई हैं। ईरान के सैन्य मुख्यालय ने संयुक्त अरब अमीरात (UAE) को भी चेतावनी दी है कि वह अपनी जमीन का इस्तेमाल ईरान के खिलाफ आक्रामकता के लिए न होने दे। खाड़ी क्षेत्र में रहने वाले प्रवासियों और विशेष रूप से भारतीयों के लिए यह स्थिति चिंता का विषय बनी हुई है क्योंकि इससे व्यापार और यात्रा मार्ग प्रभावित हो सकते हैं।
| घटनाक्रम | महत्वपूर्ण जानकारी |
|---|---|
| ताजा हवाई हमले | 21 मार्च 2026 सुबह |
| प्रभावित क्षेत्र | तेहरान और बेरुत |
| राहत कार्य | Red Crescent द्वारा जारी है |
| ईरान की मांग | युद्ध का पूरी तरह खात्मा |
| UAE को चेतावनी | क्षेत्र के इस्तेमाल को लेकर सख्त निर्देश |




