Israel Attacks Iran: तेहरान पर भीषण हमला, कच्चा तेल $92 के पार और 11 हजार फ्लाइट्स रद्द
6 मार्च 2026 को इजरायल ने ईरान की राजधानी तेहरान पर अब तक का सबसे बड़ा और जोरदार हमला किया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इजरायली सेना (IDF) ने तेहरान में सरकारी इमारतों और मिलिट्री ठिकानों को निशाना बनाया है। इस जंग के कारण पूरी दुनिया में हड़कंप मच गया है, जिसका सीधा असर पेट्रोल की कीमतों और हवाई यात्राओं पर देखने को मिल रहा है। अमेरिका ने भी इस मामले में कड़ा रुख अपना लिया है।
तेहरान में कहां-कहां हुआ हमला?
इजरायली एयर फोर्स ने तेहरान में कई अहम जगहों पर बमबारी की है। इसमें मशहूर आजादी इंडोर स्टेडियम, इमाम अली ऑफिसर्स एकेडमी और रिवोल्यूशनरी गार्ड (IRGC) का ‘मिकदाद’ बेस शामिल है। खबरों की मानें तो इजरायल ने उस अंडरग्राउंड बंकर को भी निशाना बनाया है जहां ईरानी लीडरशिप के छिपे होने की आशंका थी। इसके जवाब में ईरान ने भी तेल अवीव और मिडिल ईस्ट में मौजूद अमेरिकी बेस पर कई मिसाइलें दागी हैं। सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने भी बताया है कि उन्होंने अल-खर्ज के पास एक क्रूज मिसाइल को हवा में ही मार गिराया।
फ्लाइट्स रद्द और तेल की कीमतों में आग
इस युद्ध का सबसे बुरा असर आम लोगों और खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीयों पर पड़ सकता है। कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतें 14% बढ़कर 92.30 डॉलर प्रति बैरल हो गई हैं, जो 2024 के बाद सबसे ज्यादा है। इसका मतलब है कि आने वाले दिनों में महंगाई बढ़ सकती है। वहीं, हवाई सफर करने वालों के लिए बुरी खबर है:
- अब तक क्षेत्र में कुल 11,000 फ्लाइट्स रद्द हो चुकी हैं।
- Air Canada, Emirates, Etihad और Saudia ने अपनी सैकड़ों उड़ानें रोक दी हैं।
- जॉर्डन और लेबनान ने अपना एयरस्पेस (हवाई क्षेत्र) बंद कर दिया है।
भारी नुकसान और अमेरिकी चेतावनी
इस संघर्ष में जान-माल का भारी नुकसान हुआ है। ईरान ने बताया है कि अब तक उनके 1,332 नागरिकों की जान जा चुकी है। वहीं, लेबनान में भी इजरायली हमलों के कारण 95,000 लोग बेघर हो गए हैं। इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने साफ शब्दों में ईरान से ‘बिना शर्त सरेंडर’ करने को कहा है। इजरायली सेना ने तेहरान और Qom के इंडस्ट्रियल इलाकों में रहने वाले लोगों को तुरंत वहां से हटने की चेतावनी दी है, क्योंकि वहां ड्रोन बनाने की फैक्ट्रियां हैं जिन पर और हमले हो सकते हैं।





