Jordan में सायरन बजने के बाद अलर्ट जारी, सरकार ने बताए सुरक्षा के नए नियम
जॉर्डन में 29 मार्च 2026 को हवाई हमले के सायरन बजाए गए हैं। इलाके में बढ़ते तनाव और मिसाइल हमलों के खतरे को देखते हुए प्रशासन ने यह कदम उठाया है। बताया जा रहा है कि ईरान की तरफ से दागी गई मिसाइलों के जॉर्डन के हवाई क्षेत्र के पास से गुजरने की खबरों के बाद चेतावनी सिस्टम को सक्रिय किया गया। सरकार ने नागरिकों और वहां रहने वाले प्रवासियों से अपील की है कि वे सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन करें।
सायरन की आवाजों का क्या मतलब है और नागरिकों को क्या करना चाहिए?
Public Security Directorate (PSD) ने सायरन की दो अलग-अलग आवाजों के बारे में विस्तार से जानकारी दी है ताकि लोग स्थिति को समझ सकें। पहली आवाज 30 सेकंड की तीन बार रुक-रुक कर बजती है, जो सीधे खतरे की ओर इशारा करती है। इस आवाज को सुनते ही लोगों को तुरंत शेल्टर या सुरक्षित इमारतों में चले जाना चाहिए। दूसरी आवाज एक मिनट तक लगातार और तेज होती है, जिसका मतलब है कि खतरा अब टल चुका है। सायरन बजने के बाद अरबी भाषा में एक संदेश भी दिया जाता है जिसमें खतरे की वजह और जरूरी हिदायतें बताई जाती हैं।
संदिग्ध वस्तुओं और सुरक्षा के लिए जारी आधिकारिक नियम
जॉर्डन प्रशासन और Jordan Armed Forces (JAF) सुरक्षा स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए हैं। आम जनता की सुरक्षा के लिए कुछ खास दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं जिनका पालन करना जरूरी है। हवाई हमले की स्थिति में लोगों को खिड़कियों और खुले मैदानों से दूर रहने की सलाह दी गई है। इसके अलावा आसमान से गिरी किसी भी संदिग्ध चीज से दूर रहना सबसे जरूरी है।
- सायरन बजते ही अपनी जगह पर रुक जाएं और पास की किसी मजबूत इमारत में शरण लें।
- अगर आप गाड़ी चला रहे हैं तो उसे सुरक्षित जगह रोककर बिल्डिंग के अंदर चले जाएं।
- किसी भी गिरी हुई या विदेशी वस्तु को छूने, हिलाने या खोलने की कोशिश बिल्कुल न करें।
- संदिग्ध वस्तुओं के पास भीड़ जमा न करें ताकि विशेषज्ञ टीमें अपना काम कर सकें।
- आग लगने या चोट लगने की स्थिति में तुरंत 911 पर कॉल करके सटीक लोकेशन की जानकारी दें।
- सोशल मीडिया पर अफवाहें न फैलाएं और केवल सरकारी जानकारी पर ही भरोसा करें।
जॉर्डन के शाह किंग अब्दुल्ला द्वितीय ने भी सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अधिकारियों के साथ बैठक की है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि नागरिकों की सुरक्षा सरकार की पहली प्राथमिकता है। 28 फरवरी 2026 को हुई पिछली घटनाओं के दौरान जॉर्डन की सेना ने 119 में से 108 मिसाइलों और ड्रोन को सफलतापूर्वक मार गिराया था।




